अप्रैल 12, 2026 2:15 अपराह्न

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वास्तविक विकास वही है, जो समावेशी और समाज के हर वर्ग तक पहुंचे: उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन

उप-राष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने कहा है कि वास्तविक विकास वही है, जो समावेशी हो और समाज के हर वर्ग तक पहुंचे। उन्होंने यह बात आज नई दिल्ली में प्रौद्योगिकी और विज्ञान के माध्यम से जनजातीय भारत का परिवर्तन विषय पर एक कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए कही। श्री राधाकृष्णन ने कहा कि भारत के जनजातीय क्षेत्र में हरित आर्थिक विकास के बड़े अवसर हैं। उन्होंने कहा कि सम्मेलन में पारंपरिक ज्ञान को वैज्ञानिक मेधा और तकनीकी प्रगति से जोड़े जाने के अद्भुत परिणाम को दर्शाया गया है। श्री राधाकृष्णन ने कहा कि जब भाषा, धर्म और संस्कृति के साथ विज्ञान आगे बढ़ता है, तो प्रत्‍येक समुदाय के संरक्षण और सशक्तिकरण का माध्‍यम बन जाता है।

कार्यक्रम में, आई.टी.आई. दून संस्कृति विद्यालय की रजत जयंती भी मनाई गई। श्री राधाकृष्णन ने बताया कि 25 वर्ष पहले तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी द्वारा उद्घाटित यह स्कूल हजारों जनजातीय बच्चों के लिए उम्मीद की किरण है। उन्होंने भारत की राष्ट्रीय चेतना में जनजातीय स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को प्रमुखता देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों की सराहना की।     

इस अवसर पर दिल्ली के उप-राज्यपाल तरनजीत सिंह संधू ने कहा कि भारत का जनजातीय समुदाय विविधता का प्रतिनिधित्व करता है। हालांकि, जनजातीय क्षेत्रों में अब भी स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा, बुनियादी ढांचा और आर्थिक अवसर सीमित हैं। श्री संधू ने कहा कि तेज़ी से बदलती दुनिया में, विज्ञान और प्रौद्योगिकी अवसर के नए द्वार खोल रही है और दूरदराज के इलाक़ों में डिजिटल लर्निंग तथा स्वास्थ्य सुविधा संभव हो पा रही है।