संस्कृति मंत्रालय ने “औपनिवेशिक विद्रोह के बाद भारत लौटे अवशेष, तुरंत रूस को उधार दिए गए” शीर्षक वाली एक मीडिया रिपोर्ट का खंडन किया है। मंत्रालय ने कहा कि पिपरावा रत्नों की आवाजाही के दावे निराधार और तथ्यात्मक रूप से गलत हैं। मंत्रालय ने कहा कि ये रत्न नई दिल्ली स्थित राष्ट्रीय संग्रहालय में सुरक्षित हैं और इनके स्थानांतरण का कोई प्रस्ताव नहीं रखा गया है। यह रिपोर्ट मंत्रालय की पुष्टि के बिना प्रकाशित की गई है और भ्रामक है। मंत्रालय ने मीडिया से राष्ट्रीय महत्व के विषयों पर खबरें प्रकाशित करने से पहले तथ्यों की जांच करने का आग्रह किया है।
Site Admin | सितम्बर 24, 2025 7:40 अपराह्न
संस्कृति मंत्रालय ने “औपनिवेशिक विद्रोह के बाद भारत लौटे अवशेष, तुरंत रूस को उधार दिए गए” शीर्षक वाली एक मीडिया रिपोर्ट का खंडन किया है