समृद्ध ग्राम पहल को सक्षम पर्यावरण श्रेणी में सूचना समाज पर विश्व शिखर सम्मेलन – डब्ल्यू.एस.आई.एस. पुरस्कार 2026 के लिए नामांकित किया गया। दूरसंचार विभाग द्वारा शुरू की गई यह पहल भारतनेट परियोजना के अंतर्गत निर्मित है। संचार मंत्रालय ने बताया कि यह पहल गांवों में स्थापित समृद्ध केंद्रों के माध्यम से भौतिक अवसंरचना और डिजिटल प्लेटफार्मों को मिलाकर एकीकृत भौतिक-डिजिटल सेवाएं प्रदान करती है। मंत्रालय ने बताया कि ये केंद्र स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा, कृषि सहायता, शासन, वित्तीय समावेशन और ई-कॉमर्स जैसी प्रमुख सेवाओं तक पहुंच प्रदान करते हैं। हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड, एफ.टी.टी.एच. कनेक्टिविटी और सार्वजनिक वाई-फाई के साथ, ये केंद्र टेलीमेडिसिन, डिजिटल क्लासरूम और ऑनलाइन सरकारी सेवाओं जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराते हैं। मंत्रालय ने बताया कि इस पहल ने ग्रामीण क्षेत्रों में सेवा पहुंच में सुधार, यात्रा समय में कमी और डिजिटल साक्षरता तथा आजीविका के अवसरों में वृद्धि करके प्रारंभिक प्रभाव दिखाना शुरू कर दिया है।
संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मध्य प्रदेश के उमरी गांव में पहले समृद्ध केंद्र का उद्घाटन किया था, जो जमीनी स्तर पर डिजिटल बुनियादी ढांचे के विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। मंत्रालय ने बताया कि डब्ल्यू.एस.आई.एस. पुरस्कारों के लिए सार्वजनिक मतदान खुला है और 3 मई तक जारी रहेगा। विजेताओं की घोषणा जुलाई में जिनेवा में आयोजित होने वाले डब्ल्यू.एस.आई.एस. फोरम 2026 के दौरान की जाएगी।