अप्रैल 19, 2026 7:54 पूर्वाह्न

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पश्चिम एशिया संकट पर उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक, हर स्थिति के लिए तैयार रहने पर जोर

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने नई दिल्ली में मंत्री समूह की एक बैठक में पश्चिम एशिया की स्थिति की समीक्षा की और भारत की तैयारियों का आकलन किया। बैठक में विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर, रसायन एवं उर्वरक मंत्री जे. पी. नड्डा, पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी, पत्तन, पोत परिवहन एवं जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल और अन्य केंद्रीय मंत्री उपस्थित थे।

बैठक के दौरान, रक्षा मंत्री ने कहा कि पश्चिम एशिया की स्थिति अनिश्चित और अस्थिर है, इसलिए भारत को हर स्थिति के लिए तैयार रहना होगा। बैठक में एक महत्वपूर्ण निर्णय के तहत ‘भारत समुद्री बीमा पूल’ के गठन को भी मंजूरी दी गई। इससे भारतीय जहाजों और माल को जोखिम भरे समुद्री मार्गों से गुजरते समय भी किफायती बीमा मिलता रहेगा।

बैठक में बताया गया कि वैश्विक आपूर्ति चुनौतियों के बावजूद भारत के पास पर्याप्त ईंधन भंडार है। देश में वर्तमान में कच्चे तेल, पेट्रोल, डीजल और विमानन ईंधन का 60 दिनों से अधिक का भंडार है। एलएनजी का भंडार लगभग 50 दिनों तक चल सकता है, जबकि एलपीजी का भी भंडार लगभग 40 दिनों के लिए पर्याप्त है।

बैठक में रक्षा मंत्री ने खाड़ी क्षेत्र सहित विदेशों में रह रहे भारतीयों की सुरक्षा पर भी जोर दिया। साथ ही राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से मिलकर काम करने और स्थिति से निपटने के लिए बेहतर उपाय करने की अपील की।