अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सभी श्रमिकों को शुभकामनाएं दी और कहा कि राष्ट्र के नवनिर्माण और प्रगति में कर्मठ श्रमिकों का योगदान सर्वोपरि है। इस अवसर पर आज राजधानी में श्रमिक सम्मान समारोह का आयोजन भी किया गया जिसमें श्रीमती गुप्ता और दिल्ली के श्रम मंत्री कपिल मिश्रा सम्मलित हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने महिला श्रमिकों के साथ सीधा संवाद कर उनके जमीनी अनुभवों और चुनौतियों को जाना।
श्रमिक सम्मान कार्यक्रम में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने एक हज़ार निर्माण श्रमिकों को सुरक्षा किट वितरित की जिसमें हेलमेट, सेफ्टी ग्लव्स, मास्क और अन्य जरूरी सुरक्षा उपकरण शामिल थे। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने श्रमिक परिवारों के सौ बच्चों को शिक्षा किट प्रदान की। इस अवसर पर श्रीमती गुप्ता ने श्रमिकों के लिए कई अहम घोषणाएं भी कीं। उन्होंने बताया कि अब पंजीकृत भवन और निर्माण श्रमिकों का 20 रुपये का पंजीकरण शुल्क और 5 रुपये का नवीनीकरण शुल्क अब पूरी तरह माफ कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि श्रमिकों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए आधुनिक लेबर चौक और ‘श्रमिक सेवा केंद्र’ भी स्थापित किए जाएंगे। इन केंद्रों के जरिए मोबाइल वैन सीधे श्रमिकों तक सेवाएं पहुंचाएंगी।
वहीँ दिल्ली के श्रम मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा की श्रमिक दिवस का यह अवसर श्रम, सेवा और सम्मान का प्रतीक है।
बाइट – कपिल मिश्रा
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने ‘रिकॉग्निशन ऑफ प्रायर लर्निंग योजना के तहत एक व्यापक कौशल विकास कार्यक्रम का भी शुभारंभ किया। इस पहल के तहत हर साल लगभग 35 हजार श्रमिकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिसमें प्रत्येक बैच में कम से कम 20 श्रमिक शामिल होंगे। प्रादेशिक समाचार के लिए सौम्या शरण।