मई 1, 2026 2:38 अपराह्न

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ईडी वित्तीय अपराधों से राष्ट्र की रक्षा करने वाली ढाल: वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी

वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने आज प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को वित्तीय अपराधों से राष्ट्र की रक्षा करने वाली ढाल बताया। श्री चौधरी नई दिल्ली में प्रवर्तन निदेशालय के 70वें स्‍थापना दिवस समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रवर्तन निदेशालय को धन शोधन, हवाला लेनदेन, बेनामी संपत्तियों और कॉरपोरेट धोखाधड़ी जैसे वित्तीय अपराधों से निपटने के लिए शक्तियां प्रदान की गई हैं।

श्री चौधरी ने कड़े प्रवर्तन की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि ऐसे अपराध अर्थव्यवस्था और आम नागरिक के लिए गंभीर खतरा हैं। वित्‍त राज्‍य मंत्री ने बताया कि इस वर्ष 31 मार्च तक प्रवर्तन निदेशालय ने लगभग 23 लाख करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की है, जिसमें से 63 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि बैंकों, निवेशकों और गृह खरीदारों सहित उनके वास्तविक मालिकों को वापस कर दी गई है।

उभरती चुनौतियों का जिक्र करते हुए श्री चौधरी ने कहा कि साइबर धोखाधड़ी और ऑनलाइन वित्तीय अपराध बढ़ती चिंता का विषय हैं और इनसे प्रभावी ढंग से निपटने के लिए केंद्रीय एजेंसियों के बीच मजबूत सहयोग का आह्वान किया। उन्‍होंने कहा कि नरेन्‍द्र मोदी सरकार भ्रष्टाचार को कतई बर्दाश्‍त न करने की नीति के तहत काम कर रही है। इस अवसर पर उन्‍होंने जयपुर क्षेत्रीय कार्यालय का भी उद्घाटन किया।

 इस अवसर पर ईडी के निदेशक राहुल नवीन ने कहा कि वित्तीय अपराधों का स्वरूप बैंक धोखाधड़ी और कॉरपोरेट घोटालों से हटकर क्रिप्टोकरेंसी धोखाधड़ी, साइबर अपराध, आतंकवाद वित्तपोषण और मादक पदार्थों की तस्करी की ओर बदल गया है।

उन्होंने कहा कि निदेशालय ने आपराधिक नेटवर्क के वित्तीय स्रोतों को निशाना बनाकर उन्हें समाप्‍त करने की रणनीति अपनाई है। वैश्विक सहयोग पर प्रकाश डालते हुए श्री नवीन ने कहा कि धन शोधन के खिलाफ प्रयासों में भारत की भूमिका मजबूत हुई है और ईडी अंतरराष्ट्रीय ढांचों और संपत्ति वसूली नेटवर्क में योगदान दे रही है। राजस्व सचिव अरविंद श्रीवास्तव, अपर सॉलिसिटर जनरल सूर्यप्रकाश वी राजू और ईडी के विशेष निदेशक मनु टेंटिवाल भी इस अवसर पर उपस्थित थे।