दिल्ली सरकार ने इस वर्ष प्रतिकूल मौसम के कारण गेहूं की फसल की गुणवत्ता प्रभावित होने वाली फसलों के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। इसके अंतर्गत सरकार ने गेहूं खरीद की गुणवत्ता मानकों में विशेष छूट को मंजूरी दी है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि ऐसे में किसानों की परेशानी कम करने और उन्हें मजबूरी में कम कीमत पर अपनी उपज बेचने से बचाने के लिए कई कदम उठाए गए हैं। उन्होंने बताया कि रबी मार्केटिंग सीजन 2026-27 के लिए राजधानी के सभी जिलों में गेहूं खरीद के गुणवत्ता मानकों में विशेष छूट को मंजूरी दी गई है, जो इस सीजन की शुरुआत से ही लागू होगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि संशोधित व्यवस्था के तहत अब गेहूं में चमक की कमी को 70 प्रतिशत तक स्वीकार किया जाएगा। साथ ही, सिकुड़े और टूटे दानों की सीमा को पहले के 6 प्रतिशत से बढ़ाकर 15 प्रतिशत तक कर दिया गया है।
श्रीमती गुप्ता ने बताया कि छूट के तहत खरीदा गया गेहूं अलग तरीके से संभाला जाएगा। इस गेहूं को सामान्य स्टॉक से अलग रखकर उसका अलग भंडारण किया जाएगा और उसका पूरा हिसाब अलग से रखा जाएगा ताकि पारदर्शिता बनी रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस प्रकार खरीदे गए गेहूं का उपयोग केवल दिल्ली के भीतर ही किया जाएगा, जिससे स्थानीय खाद्य आवश्यकताओं की पूर्ति सुनिश्चित हो सके। दिल्ली सरकार का यह निर्णय किसानों को राहत देने, उनकी मेहनत का उचित मूल्य सुनिश्चित करने और खाद्य सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।