महाराष्ट्र सरकार मीरा-भायंदर की 254 एकड़ से अधिक बहुमूल्य भूमि के स्वामित्व से जुड़े बॉम्बे उच्च न्यायालय के हालिया फैसले को सर्वोच्च न्यायालय में चुनौती देगी। बॉम्बे उच्च न्यायालय ने 30 अप्रैल को अपने फैसले में भूमि स्वामित्व विवाद में निजी संस्थाओं – द एस्टेट इन्वेस्टमेंट कंपनी और मीरा रियल एस्टेट डेवलपर्स के पक्ष में फैसला सुनाया था।
राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने इस फैसले को अप्रत्याशित बताते हुए कहा कि राज्य सरकार ने सर्वोच्च न्यायालय में विशेष अनुमति याचिका दायर करने का फैसला किया है।
सरकार के अनुसार, भायंदर क्षेत्र में स्थित इस भूमि के राजस्व अभिलेखों में 1948 से बिना पूर्व अनुमति के कथित तौर पर परिवर्तन कर एस्टेट इन्वेस्टमेंट कंपनी और मीरा सॉल्ट वर्क्स सहित निजी संस्थाओं के नाम दर्ज किए गए।
श्री बावनकुले ने महाराष्ट्र भूमि राजस्व संहिता, 1966 के प्रावधानों का हवाला देते हुए कहा कि जमीन कानूनी रूप से राज्य सरकार की है और राजस्व अभिलेखों में हेरफेर करके सरकारी जमीन हड़पने के प्रयासों का कड़ा विरोध किया जाएगा।