उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने लोकतंत्र के तीन स्तम्भों – कार्यपालिका, न्यायपालिका और विधायिका में संतुलन बनाए रखने के महत्व पर बल दिया है। श्री धनखड़ ने कहा कि अपने क्षेत्र में हर संस्थान सर्वोच्च है। एक क्षेत्र का दूसरे क्षेत्र में किसी प्रकार की घुसपैठ लोकतंत्र के लिए खतरनाक हो सकती है।
केरल के कोच्चि में आज राष्ट्रीय विधि एवं उन्नत अध्ययन विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों के साथ बातचीत में उपराष्ट्रपति ने कहा कि भारत को शांति और सद्भाव पर आधारित विश्व के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभानी चाहिए।उपराष्ट्रपति केरल की दो दिन की यात्रा पर हैं।