केंद्रीय कोयला मंत्री जी. किशन रेड्डी ने आज अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू के साथ अरुणाचल प्रदेश के चांगलांग में बहुप्रतीक्षित नामचिक नामफुक कोयला खदान का भूमि पूजन कर उद्घाटन किया। इस अवसर पर जी. किशन रेडडी ने इस परियोजना को नई आशा का प्रतीक बताते हुए कहा कि यह पूर्वोत्तर भारत में विकास और ऊर्जा सुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि 1.5 करोड़ टन कोयला भंडार की क्षमता वाली नामचिक नामफुक कोयला खदान आज से आधिकारिक रूप से चालू हो गई है।
जी. किशन रेड्डी ने कहा कि कोयला ऊर्जा क्षेत्र का आधार है और इसकी देश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि भारत कोयले का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक और उपभोक्ता है। भारत में दुनिया का पांचवां सबसे बड़ा कोयला भंडार है। जी. किशन रेडडी ने कहा कि यह नया कोयला क्षेत्र अरुणाचल प्रदेश के युवाओं के लिए रोज़गार के अवसर पैदा करेगा।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने कहा कि राज्य को नामचिक नामफुक कोयला क्षेत्र से वार्षिक 100 करोड़ रुपये का राजस्व मिलने की आशा है। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र सरकार निकट भविष्य में और अधिक कोयला क्षेत्रों को चालू करने के लिए मिलकर काम कर रही हैं, जिससे अरुणाचल प्रदेश के लोगों को बहुत लाभ होगा।