भाजपा के वरिष्ठ नेता और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज दोपहर ‘मेरा बूथ, सबसे मजबूत संवाद’ कार्यक्रम के अंतर्गत असम के पार्टी कार्यकर्ताओं से बातचीत की। इस बातचीत का उद्देश्य आगामी असम विधानसभा चुनावों स पहले जमीनी स्तर के कार्यकर्ताओं में जोश भरना और राज्य के विकास को उजागर करना था। पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने पिछले एक दशक में असम के कायापलट का जिक्र करते हुए कहा कि सभी क्षेत्रों में हुई तीव्र प्रगति एनडीए सरकार के “डबल इंजन” मॉडल की सफलता को दर्शाती है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि राज्य की जनता अगले पांच वर्ष तक गठबंधन का समर्थन करके इस विकास यात्रा को जारी रखने के लिए तैयार है। मजबूत बूथ-स्तरीय संगठन के महत्व पर जोर देते हुए श्री मोदी ने चुनावों के दौरान प्रभावी जनसंपर्क और जनभागीदारी सुनिश्चित करने में पार्टी कार्यकर्ताओं की महत्वपूर्ण भूमिका के बारे में बात की।
श्री मोदी ने कहा कि असम का माहौल स्पष्ट है और राज्य की जनता एनडीए को वोट देने के लिए तैयार है। श्री मोदी ने पार्टी कार्यकर्ताओं से पार्टी की रिकॉर्ड जीत सुनिश्चित करने के लिए दिन-रात काम करने का आग्रह किया।
भाजपा सरकार की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले दस वर्ष में असम उग्रवाद से मुक्त हो गया है, जिससे राज्य में शांति और नए अवसर आए हैं। उन्होंने कांग्रेस पर अपने कार्यकाल के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने में विफल रहने का आरोप लगाया, जिसके कारण कई युवाओं की जान गई। बोडो शांति समझौते के बाद राज्य में हुए विकास का जिक्र करते हुए श्री मोदी ने कहा कि क्षेत्र के कई युवाओं ने संघर्ष के बजाय प्रगति का मार्ग चुना है, जिससे बेहतर स्थिरता के चलते शिक्षा, रोजगार और उद्यमिता के क्षेत्र में नए अवसर खुले हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भाजपा सरकार ने असम में अवैध प्रवासियों के प्रवेश को रोकने के लिए कदम उठाए हैं और इस मुद्दे को सुलझाने के प्रयास जारी रखने की पुष्टि की।
प्रधानमंत्री ने असम में चाय बागान श्रमिकों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए एनडीए सरकार द्वारा उठाए गए कदमों पर भी प्रकाश डाला, जिनमें वित्तीय सहायता, स्वास्थ्य सेवा, आवास और शिक्षा तक बेहतर पहुंच के साथ-साथ चाय बागान समुदायों को भूमि पट्टे उपलब्ध कराना शामिल है।असम में मतदान 9 अप्रैल को एक ही चरण में होगा।