मार्च 24, 2026 10:20 अपराह्न

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समय पर निदान और उपचार से स्ट्रोक से जान बचाना संभव: केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा

स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने आज कहा कि समय पर निदान, त्वरित रेफरल और गुणवत्तापूर्ण उपचार की उपलब्धता से जीवन बचाए जा सकते हैं और स्ट्रोक से होने वाली आजीवन विकलांगता को रोका जा सकता है। उन्होंने यह बात एफआईसीआई के राष्ट्रीय स्ट्रोक शिखर सम्मेलन 2026 के तीसरे संस्करण को वर्चुअल रूप से संबोधित करते हुए कही। श्री नड्डा ने स्ट्रोक को एक बड़ी स्वास्थ्य चुनौती बताया। स्ट्रोक अक्सर बिना किसी पूर्व चेतावनी के व्यक्तियों, परिवारों और समुदायों को प्रभावित करती है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सुलभ, किफायती और प्रौद्योगिकी-आधारित स्वास्थ्य प्रणालियों के निर्माण के लिए सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों का उल्लेख किया। उन्होंने आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन और प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य अवसंरचना मिशन जैसी पहलों का भी ज़िक्र किया। श्री नड्डा ने राज्यों और हितधारकों से स्ट्रोक प्रबंधन में सुधार के लिए घनिष्ठ समन्वय स्थापित करने, विशेषज्ञ प्रशिक्षण का विस्तार करने और डिजिटल प्लेटफार्मों का लाभ उठाने का आग्रह किया।