अप्रैल 7, 2026 7:10 अपराह्न

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यथास्थिति के आधार पर दिल्‍ली की अनधिकृत कालोनियों के नियमितीकरण की घोषणा: शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल

आवासन और शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल ने आज यथास्थिति के आधार पर दिल्‍ली की अनधिकृत कालोनियों के नियमितीकरण की घोषणा की। नई दिल्‍ली में दिल्‍ली की मुख्‍यमंत्री रेखा गुप्‍ता के साथ एक संवाददाता सम्‍मेलन को संबोधित करते हुए उन्‍होंने कहा कि मौजूदा ढांचों को मान्‍यता दी जाएगी, वहीं आगामी निर्माण कार्य में नगर निगम के नियमों का कडाई से पालन किया जाएगा। श्री मनोहर लाल ने कालोनियों को नियमित करने के निर्णय के साथ वहां के निवासियों को अपनी संपत्तियों का पंजीकरण करवाने के लिए आगे आने के लिए प्रेरित भी किया जाएगा। शहरी कार्य मंत्री ने कहा कि दिल्‍ली के लोगों ने दीर्घकालिक शहरी चुनौतियों का सामना किया है। इनमें से बहुत सी समस्‍याएं, पिछली सरकारों तथा एजेंसियों के बीच समन्‍वय की कमी के कारण अनसुलझी रही हैं। उन्‍होंने कहा कि सरकार, दिल्‍ली के निवासियों के लिए व्‍यवस्थित और चरणबद्ध शहरी सुधार के प्रति वचनबद्ध है।

मंत्रालय ने अनधिकृत कालोनी के मुद्दों का समाधान करने के लिए कई कदम उठाये हैं। इन कालोनियों में सभी प्‍लॉट और भवनों की जमीन का इस्‍तेमाल शामिल किया गया है। इन कालोनियों को आवासीय कालोनी माना जाएगा। मंत्रालय ने कहा कि नियमितीकरण मौजूदा निर्मित संरचनाओं पर यथास्थिति के आधार पर लागू होगा और अपवर्जन मानदंडों के अंतर्गत नहीं आने वाली एक हजार 511 अनधिकृत कॉलोनियों को अनुमोदित लेआउट योजनाओं की आवश्यकता के बिना नियमित किया जाएगा।

श्री मनोहर लाल ने दिल्‍ली में सस्‍ते आवास प्रदान करने के लिए दिल्ली मास्टर प्लान-एमपीडी – 2021 के तहत ट्रांजिट ओरिएंटेड डेवलपमेंट-डीओडी नीति के नियमन की घोषणा की। उन्‍होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्‍व में दिल्‍ली नये चरण की सुनियोजित और समेकित शहरी विकास का साक्षी बन रही है। इसका उद्देश्‍य भविष्‍य के लिए तैयार शहर निर्मित करते समय विरासत के मुद्दों को बनाये रखना है।

इस कदम का स्‍वागत करते हुए दिल्‍ली की मुख्‍यमंत्री रेखा गुप्‍ता ने कहा कि केन्‍द्र सरकार के समर्थन से इन कालोनियों को संगठित शहरी स्‍थानों में परिवर्तित करने के प्रयास जारी हैं। श्रीमती गुप्‍ता ने कहा कि अनधिकृत कालोनियों के विकास के लिए पिछले वर्ष सात सौ करोड रूपये आवंटित किए गए हैं। मौजूदा बजट में इसके लिए आठ सौ करोड रूपये आवंटित किये गये हैं। उन्‍होंने कहा कि इन अनधिकृत कालोनियों का नियमितीकरण दिल्‍ली के 45 लाख लोगों के जीवन में राहत, गरिमा और अधिकार के एक नए अध्‍याय को दर्शाता है।