प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ऑपरेशन सिंदूर की सफलता का श्रेय अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी और रक्षा उत्पादन में ‘मेक इन इंडिया’ पहल को दिया है। बंगलुरू में एक जनसभा को संबोधित करते हुए श्री मोदी ने कहा कि पूरी दुनिया ने नए भारत के उस नए रूप को देखा जब देश की सशस्त्र सेनाओं ने सीमा पार आतंकवादी ठिकानों को नष्ट कर पाकिस्तान को कुछ ही घंटों में घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया।
प्रौद्योगिकी में बड़ी आत्मनिर्भरता का आह्वान करते हुए प्रधानमंत्री ने “शून्य दोष, शून्य प्रभाव” के निर्माण मानकों पर जोर दिया। श्री मोदी ने कहा कि बेंगलुरु ने भारत को वैश्विक आईटी मानचित्र पर स्थापित किया है और अब इसे विकसित भारत के दृष्टिकोण को पूरा करने के लिए उभरती प्रौद्योगिकियों और विनिर्माण में नेतृत्व करना चाहिए। प्रधानमंत्री ने बंगलुरू को “नए भारत के उदय का प्रतीक” कहा, जो दार्शनिक विरासत को तकनीकी कौशल के साथ जोड़ता है। उन्होंने कर्नाटक की प्रतिभा, विशेष रूप से बंगलुरु के युवाओं की आईटी से लेकर रक्षा निर्माण तक के क्षेत्रों में देश की प्रगति में उनकी भूमिका के लिए सराहना की। प्रधानमंत्री ने भारत के बुनियादी ढांचे के तेजी से विकास पर प्रकाश डालते हुए 24 शहरों में फैले मेट्रो नेटवर्क, 2014 के बाद से हवाई अड्डों की संख्या को दोगुना करने, 40 हजार किलोमीटर से अधिक रेलवे मार्गों का विद्युतीकरण करने और इलेक्ट्रॉनिक्स, ऑटोमोबाइल व मोबाइल फोन में निर्यात को बढ़ावा देने का जिक्र किया।
उनकी यह टिप्पणी लगभग 7,160 करोड़ रुपये की लागत वाली बेंगलुरु मेट्रो की येलो लाइन का उद्घाटन करने और 15,610 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजना के तीसरे चरण की आधारशिला रखने के बाद आई।
येलो लाइन, आरवी रोड (रागिगुड्डा) को बोम्मासंद्रा से 19 किलोमीटर लंबे 16 स्टेशनों से जोड़ती है। इसके शुभारंभ के साथ, बेंगलुरु का परिचालन मेट्रो नेटवर्क 96 किलोमीटर से अधिक तक फैल गया है। बेंगलुरु मेट्रो के तीसरे चरण में 44 किलोमीटर का एलिवेटेड ट्रैक और 31 स्टेशन जुड़ेंगे, जिसका उद्देश्य प्रमुख आवासीय, औद्योगिक और शैक्षिक केंद्रों में यातायात को आसान बनाना है।
प्रधानमंत्री ने तीन वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेनों – बेंगलुरु से बेलगावी, अमृतसर से श्री माता वैष्णो देवी कटरा और नागपुर (अजनी) से पुणे को भी हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। श्री मोदी ने कहा कि बंगलुरू से बेलगावी मार्ग शुरू होने से उत्तरी कर्नाटक में व्यापार और पर्यटन को बढावा मिलेगा।