अगस्त 7, 2025 5:27 अपराह्न

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मणिपुर वस्तु और सेवा कर संशोधन विधेयक, 2025 लोकसभा से पास

लोकसभा में आज मणिपुर वस्तु और सेवा कर संशोधन विधेयक, 2025 पारित हो गया। इससे मणिपुर वस्तु और सेवा कर अधिनियम, 2017 में संशोधन किया गया है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि यह विधेयक उस अध्यादेश का स्थान लेगा जिसे राज्य में राष्ट्रपति शासन लागू होने के कारण लाया गया था। उन्होंने कहा कि यह एक संवैधानिक आवश्यकता है क्योंकि यदि यह विधेयक पारित नहीं होता है, तो राज्य को जीएसटी परिषद द्वारा लंबे समय से अनुमोदित जीएसटी संशोधनों को लागू करने में कठिनाई होगी और इससे राजस्व प्रभावित होगा।

सुश्री सीतारमण ने कहा कि मणिपुर जीएसटी संशोधन विधेयक राज्य की सेवा के लिए बहुत महत्वपूर्ण है जिससे वह जीएसटी परिषद द्वारा अनुमोदित वस्तुओं पर जीएसटी एकत्र कर सके।

लोकसभा ने भी इस विधेयक को अपनी स्वीकृति दे दी है। यह वित्तीय वर्ष 2025-26 की सेवाओं के लिए मणिपुर राज्य की संचित निधि से कुछ राशियों के भुगतान और विनियोग को अधिकृत करता है। सुश्री सीतारमण ने कहा कि केंद्र सरकार 2898 करोड़ रुपये का अतिरिक्त बजटीय परिव्यय उपलब्ध कराएगी, जिसमें से 1667 करोड़ रुपये पूंजीगत व्यय होंगे। उन्‍होंने कहा कि राज्य के विकास के लिए यह अतिरिक्त धनराशि आवश्यक है। उन्होंने कहा कि शिविरों में रह रहे लोगों के पुनर्वास के लिए 523 करोड़ रुपये उपलब्ध कराए जाएंगे। मणिपुर में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए 542 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं।

संसद की कार्यवाही बाधित करने के लिए विपक्ष की आलोचना करते हुए सुश्री सीतारमण ने कहा कि विपक्ष मणिपुर के लिए घड़ियाली आँसू बहा रहा है और सदन में बजट पर चर्चा नहीं होने दे रहा है। विपक्ष के शोरगुल के बीच दोनों विधेयक बिना चर्चा के पारित कर दिए गए।

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