नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित सात दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव दिल्ली का आज अंतिम दिन है। सात दिनों तक चले इस महोत्सव में बड़ी संख्या में दर्शक आए और कई प्रख्यात निर्माता, निर्देशक तथा कलाकारों ने भाग लिया।
महोत्सव के दौरान आम दर्शकों के लिए मुफ्त स्क्रीनिंग, पैनल चर्चा, कार्यशालाएं और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए गए, जिनमें सिनेप्रेमियों और फिल्म उद्योग से जुड़े पेशेवरों की उत्साहपूर्ण भागीदारी देखने को मिली।
मीडिया से बातचीत करते हुए फिल्म निर्माता इम्तियाज अली ने अपने अनुभव को बेहद प्रेरणादायक बताया। उन्होंने फिल्म महोत्सव के आयोजन की सराहना की और आयोजकों को पहले संस्करण की सफलता की बधाई भी दीं। उन्होंने कहा कि दर्शकों की सक्रिय भागीदारी और उनके दिलचस्प सवालों ने पूरे आयोजन को और भी जीवंत बना दिया। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस फिल्म महोत्सव के आने वाले संस्करण और भी सफल होंगे।
साथ ही भारतीय फिल्म निर्माता गुनीत मोंगा ने भी मीडिया से बातचित करते हुए अपना अनुभव साझा किया। उन्होंने इस मौके को होम कमिंग बताते हुए कहा कि दुनिया भर में सफलता हासिल करने के बावजूद अपने घर में मिलने वाली खुशी और सुकून का स्तर अलग ही होता है।
आकाशवाणी से विशेष बातचीत में अभिनेत्री शीबा चड्ढा ने अपने अनुभव को साझा करते हुए कहा इस कार्यक्रम में शामिल होना उनके लिए बेहद सुखद रहा। उन्होंने उत्साह व्यक्त करते हुए कहा कि यह अनुभव आनंददायक रहा और उन्हें इसमें बहुत आनंद आया।
इस महोत्सव का उद्देश्य रचनात्मक अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देना, फिल्म पर्यटन को प्रोत्साहित करना, उभरती प्रतिभाओं को अवसर प्रदान करना और फिल्म निर्माताओं के लिए एक सिंगल-विंडो प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराना रहा।