जनवरी 27, 2026 10:10 पूर्वाह्न

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भारत और यूरोपीय संघ एक खंडित दुनिया के लिए वैकल्पिक मार्ग प्रस्तुत कर रहे हैं: यूरोपीय संघ आयोग की अध्यक्ष

यूरोपीय संघ आयोग की अध्यक्ष उर्सुला फॉन डेर लायन ने कहा कि यूरोप और भारत दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र हैं और एक नई वैश्विक व्यवस्था को आकार देने के लिए मिलकर काम करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने कहा कि भारत और यूरोपीय संघ एक खंडित दुनिया के लिए वैकल्पिक मार्ग प्रस्तुत कर रहे हैं। उन्होंने यह भी घोषणा की कि मुक्त व्यापार समझौते पर बातचीत अंतिम चरण में पहुंच गई है।

सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में, सुश्री फॉन डेर लायन ने कहा कि भारत और यूरोप ने रणनीतिक साझेदारी, संवाद और खुलेपन का स्पष्ट विकल्प चुना है। उनका यह वक्‍तव्‍य ऐसे समय में आया है, जब भारत और यूरोपीय संघ आज नई दिल्ली में बहुप्रतीक्षित मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) के लिए वार्ता के समापन की घोषणा करने वाले हैं, जिससे अमेरिकी शुल्‍कों से प्रभावित निर्यातकों को राहत मिलने की उम्‍मीद है।

यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा, जो यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला फॉन डेर लायन के साथ गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि थे, ने कहा कि भारत और यूरोपीय संघ मिलकर वैश्विक मंच पर स्थिरता, संरक्षण और विश्वसनीयता के मजबूत प्रदाता बन सकते हैं और बढ़ती भू-आर्थिक उथल-पुथल और व्यापार में अनिश्चितता के दौर में नियम-आधारित व्यवस्था की रक्षा कर सकते हैं।

श्री कोस्टा ने यह भी कहा कि भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौता विश्व को एक महत्वपूर्ण राजनीतिक संदेश देगा कि भारत और यूरोपीय संघ शुल्कों की बजाय, व्यापार समझौतों में अधिक विश्वास रखते हैं। उन्होंने आगे कहा कि यह समझौता ऐसे समय में महत्वपूर्ण है जब संरक्षणवाद बढ़ रहा है और कुछ देश शुल्क बढ़ाने का फैसला कर रहे हैं। यूरोपीय संघ, भारत का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है, जिसके साथ वर्ष 2024 में दोनों के बीच वस्‍तुओं का व्‍यापार लगभग 120 अरब यूरो रहा, जो भारत के कुल व्यापार का 11.5 प्रतिशत है।