भारी उद्योग मंत्री एच. डी. कुमारस्वामी ने पी एम ई-ड्राइव योजना के अंतर्गत इलेक्ट्रिक ट्रकों को प्रोत्साहन देने की आज शुरूआत की। सरकार ने पहली बार इलेक्ट्रिक ट्रकों के समर्थन के लिए योजना शुरू की है। इसका उद्देश्य देश को स्वच्छ ऊर्जा की ओर ले जाना और माल ढुलाई की टिकाऊ आवाजाही में मदद करना है।
इसके अंतर्गत लगभग पांच हजार छह सौ ई-ट्रकों के साथ स्वदेशी निर्माण को बढ़ावा मिलेगा और लॉजिस्टिक लागत तथा कार्बन उत्सर्जन को कम करने में मदद मिलेगी। इलेक्ट्रिक ट्रकों की मजबूती के सिलसिले में निर्माणकर्ता एक व्यापक वॉरंटी प्रदान करेंगे। इसमें बैट्री के लिए पांच साल या पांच लाख किलोमीटर की वॉरंटी शामिल है।
इस अवसर पर श्री कुमारस्वामी ने कहा कि एक सौ करोड़ रुपये के व्यय के साथ दिल्ली में पंजीकृत लगभग एक हजार एक सौ ई-ट्रकों के प्रोत्साहन के लिए विशेष प्रावधान किया गया है। उन्होंने कहा कि योजना के तहत एन 2 और एन 3 श्रेणी के ई-ट्रकों के लिए वित्तीय प्रोत्साहन उपलब्ध है जिसमें मांग प्रोत्साहन 9 लाख 60 हजार रुपये तक है, जो सकल वाहन वजन पर निर्भर करता है।
एन 2 श्रेणी में वह ट्रक शामिल हैं जिनका सकल वाहन वजन तीन दशमलव पांच टन से अधिक और 12 टन तक हो। एन 3 श्रेणी में 12 टन से अधिक और 55 टन तक के वजन वाले ट्रक शामिल हैं। श्री कुमारस्वामी ने बताया कि योजना के संभावित लाभार्थियों में सीमेंट, बंदरगाह, इस्पात और लॉजिस्टिक क्षेत्रों में ई-ट्रक उपयोगकर्ता शामिल हैं।