वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि भारत में मत्स्य पालन आजीविका और खाद्य सुरक्षा का एक महत्वपूर्ण स्रोत है, जो 90 लाख से अधिक मछुआरों का समर्थन करता है। इनमे अधिकतर छोटे और पारंपरिक मछुआरे शामिल हैं। श्री गोयल ने कैमरून के याउंडे में विश्व व्यापार संगठन के 14वें मंत्रिस्तरीय सम्मेलन में मत्स्य पालन सब्सिडी पर एक सत्र में यह बात कही।
सोशल मीडिया पर पोस्ट में श्री गोयल ने बताया कि सत्र के दौरान उन्होंने भारत के सक्रिय और ऐतिहासिक संरक्षण प्रयासों पर प्रकाश डाला, जिसमें मछली पकड़ने पर लगा वार्षिक प्रतिबंध भी शामिल है। श्री गोयल ने कहा कि यह सुनिश्चित करना आवश्यक है कि उभरते निर्णय निष्पक्ष हों और कमजोर समुदायों पर उनका असमान असर न पड़े।
श्री गोयकारी बाढ़ से प्रभावित लोगों के प्रति भारत की गहरी एकजुटता और मोजाल ने विश्व व्यापार संगठन के सम्मेलन के दौरान मोज़ाम्बिक के अर्थव्यवस्था मंत्री बेसिलियो ज़ेफ़ानियास मुहाते से भी मुलाकात की। इस दौरान दोनों पक्षों ने सम्मेलन के एजेंडे पर विचार साझा किए। इस बैठक में दोनों देशों के प्रमुख क्षेत्रों में व्यापार और निवेश को बढ़ावा देने पर भी चर्चा हुई। श्री गोयल ने हाल में आई विनाशम्बिक को निरंतर समर्थन देने की प्रतिबद्धता भी व्यक्त की।