कृषि और किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करना और किसानों की आय बढ़ाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। श्री सिंह आज जयपुर में आयोजित क्षेत्रीय कृषि सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि कृषि क्षेत्र को मजबूत करने के लिए ठोस और बहुआयामी प्रयास किए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि किसानों को सशक्त बनाने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए कृषि में विविधता आवश्यक है। उन्होंने कहा कि नई तकनीकों को अपनाना, आधुनिक कृषि पद्धतियों को बढ़ावा देना और एकीकृत कृषि प्रणालियों पर ध्यान केंद्रित करना समय की मांग है।
श्री चौहान ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ कृषि को आगे बढ़ाना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक खेती को अपनाने और उर्वरकों के विवेकपूर्ण उपयोग को सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया जाना चाहिए। उन्होंने राज्यों से मिशन मोड में किसान पहचान पत्र बनाने का आग्रह किया। उन्होने कहा कि इस पहल से किसानों को सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे और पारदर्शी तरीके से प्राप्त करने में मदद मिलेगी।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने किसानों से पारंपरिक खेती के बजाय प्रौद्योगिकी आधारित और आधुनिक कृषि पद्धतियों को अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने जल संरक्षण के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि कृषि को अधिक लाभदायक बनाने के लिए सीमित संसाधनों का अधिकतम उपयोग आवश्यक है। उन्होंने किसानों को अपनी आय बढ़ाने के लिए फसल चयन और खेती के तरीकों के लिए कृषि वैज्ञानिकों से परामर्श लेने की सलाह भी दी।
एक दिन के क्षेत्रीय कृषि सम्मेलन में राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और गोवा के कृषि मंत्री, वरिष्ठ अधिकारी, किसान उत्पादक संगठनों के प्रतिनिधि और प्रगतिशील किसान भाग ले रहे हैं। सम्मलेन में आधुनिक कृषि प्रौद्योगिकियों, नवाचारों और किसानों की आय बढ़ाने के उपायों पर विस्तृत चर्चा हो रही है।