बांग्लादेश में आरक्षण विरोधी हिंसक प्रदर्शनों में मरने वालों की संख्या बढकर 39 हो गई है। मीडिया की खबरों के अनुसार सरकारी नौकरियों के लिए आरक्षण प्रणालियों में सुधार की मांग करने वाले विद्यार्थियों द्वारा किये जा रहे प्रदर्शनों ने हिंसक रूप ले लिया है। इस अशांति के कारण टेलीविजन न्यूज चैनल का प्रसारण बांग्लादेश में बंद है। दूरसंचार सेवाएं बाधित हैं और बहुत सी समाचारपत्रों की वेबसाइट तथा सोशल मीडिया अकाउंट भी काम नहीं कर रहे हैं। इन प्रदर्शनों के कारण देश में मोबाइल इंटरनेट सेवा भी अस्थाई रूप से बंद कर दी गई है।
विधि मंत्री अनिसुल हक ने कहा कि सरकार प्रदर्शनकारियों से बात करने की इच्छुक है।
ढाका में भारतीय उच्चायोग ने अपने नागरिकों को यात्रा से बचने और अपने घरों के बाहर कम निकलने का परामर्श दिया है। एक सोशल मीडिया पोस्ट में विदेश मंत्रालय ने बांग्लादेश में रह रहे भारतीय नागरिकों को ढाका के भारतीय उच्चायोग द्वारा जारी परामर्श का पालन करने का आग्रह किया है।
इस बीच, संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंतोनियो गुतरश ने बांग्लादेश में जारी हिंसा पर गहरी चिन्ता व्यक्त की है। संयुक्त राष्ट्र प्रमुख के प्रवक्ता ने कहा कि श्री गुतरश बांग्लादेश के घटनाक्रमों पर निकटता से नजर रख रहे हैं। उन्होंने ढाका में अधिकारियों को युवा आबादी के साथ काम करने का आग्रह किया है और चल रही समस्याओं का समाधान तलाशने को कहा है।