आकाशवाणी कल से अपने सुबह के प्रसारण की शुरुआत राष्ट्रगीत वंदे मातरम के पूर्ण संस्करण से करेगा। स्वतंत्रता के बाद से ही आकाशवाणी स्टेशनों की यह परंपरा रही है कि वे अपने सुबह के प्रसारण की शुरुआत राष्ट्रगीत की प्रतिष्ठित धुन से करते हैं। इसके बाद वंदे मातरम के दो श्लोकों का प्रसारण किया जाता है।
सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने कहा कि गृह मंत्रालय के हालिया दिशानिर्देश में राष्ट्रगीत के छह श्लोकों को शामिल किया गया है। आकाशवाणी के सभी स्टेशन कल से राष्ट्रगीत का पूर्ण संस्करण प्रसारित करना शुरू कर देंगे। पूर्ण संस्करण की अवधि 3 मिनट 10 सेकंड है। प्रसारित होने वाला पहला संस्करण प्रसिद्ध हिंदी शास्त्रीय गायक पंडित चंद्रशेखर वाजे द्वारा राग देस में गाया गया है।
मंत्रालय ने कहा कि संगीत विविधता को प्रदर्शित करने के लिए छह श्लोकों वाले वंदे मातरम के क्षेत्रीय संस्करण भी रिकॉर्ड किए जा रहे हैं। इन संस्करणों को संबंधित राज्यों में स्थित आकाशवाणी स्टेशनों द्वारा अपनाया जाएगा।