फ़रवरी 9, 2026 7:33 अपराह्न

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39वें अंतर्राष्ट्रीय सूरजकुंड शिल्प मेला-2026 में देश-विदेश की कला, संस्कृति और शिल्प का भव्य संगम

हरियाणा के फरीदाबाद में आयोजित 39वें अंतर्राष्ट्रीय सूरजकुंड शिल्प मेला-2026 में इस वर्ष भारत और दुनिया भर की विविध कला, संस्कृति और शिल्प का भव्य संगम देखने को मिल रहा है। इस मेले में भागीदार राज्‍य के रूप में उत्तर प्रदेश और मेघालय शामिल है, वहीं भागीदार देश के रूप में मिस्र है।

मेले में मेघालय पवेलियन खास आकर्षण बना हुआ है, जहां बांस से तैयार ट्री-हाउस, सजावटी वस्तुएं और पारंपरिक वाद्ययंत्र प्रदर्शित किए जा रहे हैं। पर्यावरण अनुकूल बांस के उत्पाद अपनी बारीक कारीगरी और प्राकृतिक सुंदरता के कारण आगंतुकों के बीच बहुत लोकप्रिय हो रहे हैं। वहीं, उत्तर प्रदेश पवेलियन में संगमरमर के कप, प्लेट, साइड टेबल, शतरंज सेट और नक्काशीदार पेंटिंग हैं, जो पर्यटकों का ध्यान अपनी ओर खींच रहे हैं।

अंतर्राष्ट्रीय पवेलियन में, भागीदार देश मिस्र के जूट के हस्तशिल्प बैग और सिरेमिक कला के कप तथा बर्तनों की भी काफी सराहना की जा रही है। इसके अलावा, घाना का स्टॉल अपने पारंपरिक आदिवासी मुखौटे, प्राचीन वस्तुओं और एवेनी लकड़ी से बनी मूर्तियों के साथ आगंतुकों को आकर्षित कर रहा है और आगंतुक भी उनके इतिहास को जानने में रुचि दिखा रहे हैं।

सूरजकुंड मेला कला, शिल्प, संस्कृति और संगीत का एक भव्य उत्सव बन गया है, जो भारत और विदेश के पर्यटकों को एक ही मंच पर एक साथ लाता है। आरजू के साथ, प्रादेशिक समाचार के लिए, सौम्या शरण।