दिसम्बर 28, 2025 7:37 पूर्वाह्न

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सरकार ने 44 हजार करोड़ रुपये से अधिक की दो जहाज निर्माण परियोजनाओं के लिए जारी किए परिचालन दिशानिर्देश

सरकार ने 44 हजार 700 करोड़ रुपये की दो प्रमुख जहाज निर्माण परियोजनाओं के लिए परिचालन दिशानिर्देश जारी किए हैं। इसका उद्देश्य भारत की घरेलू जहाज निर्माण क्षमता को बढ़ाना और वैश्विक प्रतिस्पर्धा में देश को बेहतर बनाना है। ये परियोजनाएं हैं – जहाज निर्माण वित्तीय सहायता योजना और जहाज निर्माण विकास योजना।

पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने कहा कि ये दिशानिर्देश एक स्थिर और पारदर्शी ढांचा तैयार करेंगे। इससे घरेलू जहाज निर्माण क्षमता बेहतर होगी और संपर्क को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि इससे बड़े पैमाने पर निवेश संभव होगा और विश्व स्तरीय क्षमता का निर्माण होगा। श्री सोनोवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व ने भारत के जहाज निर्माण क्षेत्र को एक निर्णायक नीतिगत पुनर्निर्धारण किया है। उन्होंने कहा कि दोनों योजनाएं 31 मार्च, 2036 तक वैध रहेंगी।

24 हजार 736 करोड़ रुपये के कुल कोष वाली जहाज निर्माण वित्तीय सहायता योजना के अंतर्गत, सरकार जहाज की श्रेणी के आधार पर प्रति जहाज 15 प्रतिशत से 25 प्रतिशत तक की वित्तीय सहायता प्रदान करेगी। यह योजना छोटे सामान्य, बड़े सामान्य और विशेष जहाजों के लिए श्रेणीबद्ध सहायता प्रदान करती है।

19 हजार 989 करोड़ रुपये के बजट परिव्यय वाली जहाज निर्माण विकास योजना दीर्घकालिक क्षमता और कौशल निर्माण पर केंद्रित है। योजना में ग्रीनफील्ड जहाज निर्माण क्लस्टरों के विकास, मौजूदा ब्राउनफील्ड शिपयार्डों के आधुनिकीकरण और अनुसंधान, डिजाइन, नवाचार और कौशल विकास को समर्थन देने के लिए भारतीय समुद्री विश्वविद्यालय के तहत भारतीय जहाज प्रौद्योगिकी केंद्र की स्थापना का प्रावधान है।

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