एक राष्ट्र एक चुनाव पर गठित संयुक्त संसदीय समिति की बैठक संसद भवन में चल रही है। 39 सदस्यों वाली इस समिति में 27 सदस्य लोकसभा के और 12 सदस्य राज्य सभा के हैं। यह समिति संविधान 129वें संशोधन विधेयक 2024 और केन्द्र शासित क्षेत्र कानून संशोधन विधेयक 2024 की जांच की व्यापक प्रकिे्या का हिस्सा है जिसका उद्देश्य लोकसभा और राज्य विधानसभाओं के लिए एक साथ चुनाव कराने पर विचार करना है।
भारतीय जनता पार्टी के सांसद पी पी चौधरी की अध्यक्षता वाली समिति कानून विशेषज्ञों के साथ सलाह मशविरा कर रही है। बैठक में भारत के पूर्व मुख्य न्यायाधीश डी वाई चंद्रचूड और न्यायमूर्ति जगदीश सिंह खेहर देश में एक साथ चुनाव कराने के मुद्दे पर समिति के सामने अपने विचार रखेंगे।
भारतीय जनता पार्टी के सांसद अनुराग ठाकुर, कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा, समाजवादी पार्टी सांसद धर्मेन्द्र यादव तथा अन्य सदस्य बैठक में भाग ले रहे हैं। एक राष्ट्र एक चुनाव कराने का विचार देश में कोई नया नहीं है। संविधान अंगीकार करने के बाद 1951 से 1967 तक लोकसभा और राज्य विधानसभाओं के चुनाव एक साथ कराये गए थे। 1968 और 1969 में कुछ राज्य विधानसभाओं को निर्धारित कार्यकाल से पहले भंग किये जाने के कारण यह क्रम टूट गया।