दावोस में चल रहे विश्व आर्थिक मंच ने वैश्विक नेताओं चेतावनी दी है कि वैश्विक संतुलन डगमगा रहा है। नेताओं ने मध्य देशों को बड़े देशों के खिलाफ एकजुट होने का आग्रह करते हुए अमरीका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रम्प के खिलाफ एकजुटता दिखाने का आह्वान किया। ट्रम्प ने फ्रांस और अन्य सात देशेां पर डेनमार्क का समर्थन करने और ग्रीनलैंड पर अमरीका के दावे का विरोध करने पर 25 प्रतिशत जवाबी शुल्क लगाने की धमकी दी है।
फ्रांस के राष्टप्रति इमैनुएल मैंक्रां ने कहा कि विश्व में वैश्विक व्यवस्था इस समय असंतुलन की स्थिति से गुजर रही है। उन्होंने मध्य देशों को समन्वय स्थापित करने के लिए ब्रिक्स और जी-20 जैसे महत्वपूर्ण मंच पर एकसाथ आने का आग्रह किया। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि नियम आधारित वैश्विक व्यवस्था इस समय अमरीका के जवाबी शुल्कों द्वारा चरमराई हुई है। उन्होंने अमरीका पर इससे यूरोपीय देशों को कमजोर करने का आरोप लगाया। श्री मैंक्रां ने रूस-यूक्रेन संघर्ष पर भी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि किसी भी देश की सम्प्रभुता का सम्मान किया जाना चाहिए। उन्होंने फ्रांस और यूरोपीय देशों द्वारा डेनमार्क को सैन्य सहायता भी उपलब्ध कराने की बात कही।
कनाड़ा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने कहा कि मध्य देशों को एकजुट होकर रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि अनिश्चितताओं के कारण इस समय विश्व में अलगाव की स्थिति पैदा हो गई है।
यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला फॉन डेर लेन ने चेतावनी दी कि इस तरह के कदम दुनिया को खतरनाक संकट में डाल सकते हैं। इस बीच अमरीकी अधिकारियों ने दावोस में वैश्विक नेताओं के विरोध को शांत करने का प्रयास किया। अमरीकी के वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट और व्यापार प्रतिनिधि जैमिसन ग्रीर ने कहा कि जवाबी शुल्क, वार्ताओं के भाग के रूप में है।