लोकसभा में आज कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय की वित्त वर्ष 2026-27 के लिए अनुदान मांगों पर चर्चा और मतदान होगा। सदन में गृह मंत्रालय, विदेश मंत्रालय और विद्युत मंत्रालय की अनुदान मांगों पर भी चर्चा और मतदान निर्धारित है।
कल शाम लोकसभा में रेल मंत्रालय की अनुदान मांगों पर हुई चर्चा का जवाब देते हुए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि मोदी सरकार ने पिछले एक दशक में रेलवे क्षेत्र में बड़े बदलाव किए हैं और क्षेत्र के सभी पहलुओं पर काम किया है। उन्होंने कहा कि पिछले 10 वर्षों में प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में रेल की वित्तीय स्थिति में उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
इस बीच, संसद ने विनियोग विधेयक 2026 पारित कर दिया है। राज्यसभा ने कल हुई चर्चा के बाद इसे लोकसभा को लौटा दिया, लोकसभा पहले ही इसे मंजूरी दे चुकी थी। यह विधेयक वित्त वर्ष 2025-26 की सेवाओं के लिए भारत की संचित निधि से अतिरिक्त धनराशी के भुगतान और विनियोजन को अधिकृत करता है।
राज्यसभा में हुई चर्चा का उत्तर देते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारामन ने बताया कि केंद्र सरकार आर्थिक स्थिरीकरण कोष के लिए 57 हजार 381 दशमलव 84 करोड़ रुपये दे रहा है। उन्होंने कहा कि आगामी रबी फसल के लिए संभावित अतिरिक्त आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए उर्वरक सब्सिडी के रूप में 19 हजार 230 करोड़ रुपये दिए जा रहे हैं। साथ ही, जम्मू-कश्मीर के विकास कार्यों के लिए 5 हजार करोड़ रुपये की केंद्रीय सहायता भी प्रदान की जा रही है।