जुलाई 31, 2025 7:58 पूर्वाह्न

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लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने आई आई एस के 2023-24 बैच के प्रशिक्षु अधिकारियों को संबोधित किया

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने इस बात पर ज़ोर दिया है कि भारत का लचीलापन, नवाचार, समावेशिता और विकास की कहानियों को प्रामाणिकता और ईमानदारी के साथ बताया जाना चाहिए, क्योंकि आज देश प्राचीन ज्ञान और आधुनिक आकांक्षाओं के संगम पर खड़ा है।

 

उन्होंने कल संसद परिसर में भारतीय सूचना सेवा-आई.आई.एस. के 2023-24 बैच के प्रशिक्षु अधिकारियों को संबोधित करते हुए यह टिप्पणी की।

 

श्री बिरला ने कहा कि आई.आई.एस. अधिकारियों पर नए भारत की कहानियां बताने और दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र में जनसंवाद को आकार देने की बहुत बड़ी ज़िम्मेदारी है।

 

उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि ऐसे समय में जब सूचनाएं तेज़ी से फैल रही हैं और धारणाएं जनसंवाद और नीतियों को आकार दे सकती हैं, तब लोगों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना बेहद ज़रूरी है।

 

लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि आई.आई.एस. अधिकारी केवल सरकारी नीतियों के संप्रेषक ही नहीं हैं, बल्कि वे राज्य और उसके नागरिकों के बीच सेतु का काम भी करते हैं।

 

उन्होंने युवा सिविल सेवकों से न केवल सरकार की आवाज़ बनने, बल्कि नीतियों के व्याख्याकार, जन-समझ को सुगम बनाने वाले और पारदर्शिता का रक्षक बनने का आह्वान किया।

 

भारतीय संसद के साथ तीन दिवसीय प्रवास पर आए प्रशिक्षु अधिकारियों ने लोकसभा की कार्यवाही भी देखी।

 

इस अवसर पर भारतीय जनसंचार संस्थान की कुलपति डॉ. प्रज्ञा पालीवाल गौड़ और लोकसभा सचिवालय के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

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