फ़रवरी 11, 2026 7:54 अपराह्न

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राज्यसभा में केंद्रीय बजट 2026-27 पर हुई चर्चा

राज्यसभा में केंद्रीय बजट 2026-27 पर आज पुनः चर्चा हुई। आईयूएमएल के हारिस बीरन ने आरोप लगाया कि बजट में किसानों और मछुआरों के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि बजट में केरल की अनदेखी की गई है। उन्होंने केरल में दुर्लभ पृथ्वी परियोजना के बारे में स्पष्टीकरण मांगा।

भाजपा के अशोक चव्हाण ने कहा कि बजट युवाओं पर केंद्रित है और महिलाओं, किसानों, उद्यमियों, गरीबों, वंचितों तथा समाज के सभी वर्गों को सशक्त बनाता है। उन्होंने कहा कि यह बजट पूरे देश के लिए है।

भाजपा के एक अन्य सांसद सत पॉल शर्मा ने बजट की सराहना करते हुए कहा कि यह संरचनात्मक सुधारों, राजकोषीय अनुशासन और सार्वजनिक निवेश पर केंद्रित है। उन्होंने कहा कि बजट से आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा और देश की जनता की आकांक्षाएं पूरी होंगी।

पूर्व प्रधानमंत्री और जनता दल-एस नेता एच डी देवेगौड़ा ने कहा कि भारत में विश्व का नेतृत्व करने की प्रतिभा, उद्यमशीलता और महत्वाकांक्षा है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि यह बजट न केवल आंकड़ों के लिए बल्कि आज की मजबूत अर्थव्यवस्था के निर्माण में अपनाई गई दूरदर्शिता के लिए भी याद किया जाएगा, जो भविष्य को और भी मजबूत बनाएगी। श्री देवेगौड़ा ने सुझाव दिया कि केवल विकास ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि रोजगार को नीतिगत चिंतन के केंद्र में रखना आवश्यक है।

कांग्रेस के राजीव शुक्ला ने आरोप लगाया कि केंद्रीय बजट में कुछ भी ठोस नहीं है। उन्होंने पूरक या संशोधित बजट जारी करने की मांग की क्योंकि अमरीका के साथ समझौता बजट पेश होने के बाद घोषित किया गया था।

एआईटीसी के साकेत गोखले ने आरोप लगाया कि केंद्रीय बजट नीतिगत नहीं बल्कि व्यक्ति-केंद्रित है। उन्होंने कहा कि मौजूदा बजट में उच्च शिक्षा के लिए 55 हजार करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, लेकिन इसमें से केवल शून्‍य दशमलव सात प्रतिशत ही अनुसंधान और नवाचार के लिए रखा गया है।

डीएमके के आर. गिरिराजन ने सरकार पर तमिलनाडु के साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया और कहा कि राज्य के लिए कोई विशेष योजना नहीं है।

आम आदमी पार्टी के राजेंद्र गुप्ता, वाईएसआरसीपी के एस. निरंजन रेड्डी, राष्‍ट्रीय जनता दल के संजय यादव, बीआरएस के के.आर. सुरेश रेड्डी, सीपीआई -एम के डॉ. वी. शिवदासन और समाजवादी पार्टी के रामजी लाल सुमन सहित अन्य राजनीतिक दलों के सदस्यों ने भी चर्चा में भाग लिया।

हालांकि, केंद्रीय बजट पर बहस बेनतीजा रही। इसके बाद सदन में विशेष उल्लेखों पर चर्चा हुई, जिसमें सदस्यों ने सार्वजनिक महत्व के अत्यावश्यक मुद्दों को उठाया। बाद में सदन की कार्यवाही कल सवेरे 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।