राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह के नेतृत्व में भारतीय संसदीय प्रतिनिधिमंडल ने स्विट्जरलैंड के जिनेवा में अंतर-संसदीय संघ-आईपीयू के एक कार्यक्रम के दौरान अर्मेनिया के अपने समकक्षों के साथ द्विपक्षीय बैठक की। अर्मेनियाई प्रतिनिधिमंडल का प्रतिनिधित्व नेशनल असेंबली के उपाध्यक्ष हाकोब अर्शाक्यान ने किया।
श्री हरिवंश ने बैठक को संबोधित करते हुए, भारत की सभी बहुपक्षीय पहलों में आर्मेनिया के समर्थन की सराहना की। उन्होंने दोनों देशों के बीच बढ़ती साझेदारी और विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग की संभावनाओं पर बल दिया। उन्होंने कहा कि संसदीय लोकतंत्र के रूप में, भारत और आर्मेनिया के विचार समान हैं, जिससे दोनों देशों को सहयोग और अनुभव साझा करने का अवसर मिलता है।
श्री हरिवंश ने दोनों देशों की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत पर प्रकाश डाला और कला प्रदर्शनियों, फिल्म समारोहों तथा अकादमिक सहयोग जैसे सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देने पर ध्यान केंद्रित करने का प्रस्ताव रखा।
उन्होंने दोनों देशों के बीच संसदीय मामलों में सहभागिता के विभिन्न क्षेत्रों का पता लगाए जाने की उम्मीद व्यक्त की। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के साझा लोकतांत्रिक मूल्य, बहुलवाद और मानवाधिकारों के प्रति सम्मान परस्पर संबंधों को मजबूत बनाने और साझा चिंता के वैश्विक मुद्दों पर सहयोग के आधार के रूप में काम कर सकते हैं।
उपसभापति ने अंतर-संसदीय संघ के अध्यक्ष और संयुक्त गणराज्य तंजानिया की नेशनल असेंबली के अध्यक्ष तुलिया एक्सन से भी मुलाकात की। उन्होंने आईपीयू का अध्यक्ष पद संभालने पर श्री एक्सन को बधाई दी।
श्री हरिवंश के नेतृत्व में भारतीय संसदीय प्रतिनिधिमंडल स्विट्जरलैंड के जिनेवा में आईपीयू की 148वीं असेंबली में भाग ले रहा है। प्रतिनिधिमंडल में राज्यसभा के पांच सदस्य एस निरंजन रेड्डी, सुजीत कुमार, अशोक मित्तल, प्रशांत नंदा और सुमित्रा शामिल हैं।