निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट किया है कि पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची के चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण -एसआईआर के तहत स्थायी निवास प्रमाण पत्र मान्य पात्रता दस्तावेजों में से एक है। पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी को लिखे पत्र में आयोग ने कहा है कि पश्चिम बंगाल में अधिवास या स्थायी निवास प्रमाण पत्र राज्य सरकार के 2 नवंबर, 1999 के पत्र और उसके बाद जारी किए गए आदेशों के अनुसार जारी किए जाते हैं।
आयोग ने निर्देश दिया है कि लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम के तहत सक्षम वैधानिक प्राधिकारी होने के नाते, निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी और सहायक निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी केवल नामित प्राधिकारियों द्वारा जारी किए गए स्थायी निवास प्रमाण पत्रों को ही स्वीकार करेंगे। इन प्राधिकारियों में जिला मजिस्ट्रेट, अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट, उप-विभागीय अधिकारी और कोलकाता के कलेक्टर शामिल हैं। आयोग ने कहा कि ऐसे प्रमाण पत्र राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित सख्त दिशानिर्देशों के अनुसार जारी किए जाने चाहिए।
आयोग ने आगे निर्देश दिया कि इन निर्देशों को सभी संबंधित अधिकारियों के संज्ञान में लाया जाए ताकि इनका सख्ती से पालन किया जा सके।