पश्चिम एशिया में नई सैन्य कार्रवाई के कारण संघर्ष तेज हो गया है। अमरीका की केंद्रीय कमान ने कहा है कि नौसेना ने ईरान के सोलह जहाजों को नष्ट कर दिया है। माना जा रहा है कि ये जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य के पास नौसैनिक खदानें बिछाने में शामिल थे। अमरीका के अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई उस खुफिया जानकारी के बाद की गई जिसमें संकेत दिया गया था कि ईरान ऐसी खदानें तैनात करने की तैयारी कर रहा था जो इस महत्वपूर्ण जलमार्ग से गुजरने वाले वैश्विक तेल शिपमेंट के लिए खतरा पैदा कर सकती थीं।
इस बीच अमरीका के रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा है कि ये अब तक का सबसे घातक हमला साबित हो सकता है। अमरीका और इस्राएल की सेनाओं ने दावा किया है कि उन्होंने संघर्ष शुरू होने के बाद से 5 हजार से अधिक ठिकानों को निशाना बनाया है। उन्होंने कहा है कि ईरान की मिसाइल प्रक्षेपण क्षमता में बहुत कमी आई है, जबकि ईरान ने इन आंकड़ों की पुष्टि नहीं की है।
ईरान लगातार बमबारी के बावजूद जवाबी मिसाइल और ड्रोन हमले जारी रखे हैं। कतर के दोहा से विस्फोटों की खबरें आई हैं, जबकि कुवैत के अधिकारियों का कहना है कि उनके वायु रक्षा प्रणाली ने इससे पहले नेशनल गार्ड सुरक्षा क्षेत्रों के ऊपर आठ ड्रोन को नष्ट किया था। जीसीसी क्षेत्र में क्षेत्रीय सुरक्षा बल सतर्क हैं।