श्रीलंका ने कहा है कि वे वैश्विक तेल कीमतों में वृद्धि के मद्देनजर ईंधन उपभोग में कटौती के लिए अपनी आर्थिक गतिविधि को नियंत्रित नहीं करेगा। श्रीलंका के कैबिनेट प्रवक्ता डॉ. नलिंदा जयतिस्सा ने संवाददाताओं को बताया कि सरकार ईंधन आपूर्ति की निरंतरता बनाए रखने की आशा करती है।
ईंधन उपभोग में कटौती करके स्कूल, विश्वविद्यालय को बंद रखने तथा व्यापक स्तर पर वर्क फ्रॉम होम उपाय लागू करने की सरकार की कोई योजना नहीं है। श्री जयतिस्सा ने कहा कि मौजूदा ईंधन भंडार कम होने के बाद हाल के दिनों में बढ़ते उपभोग और उच्च आयात दरों का प्रबंधन करने के लिए खुदरा ईंधन कीमतों में थोड़ी वृद्धि हुई है।
पाकिस्तान, वियतनाम, अमरीका और न्यूजीलैंड में तेल की कीमतों में वृद्धि का उल्लेख करते हुए डॉ. जयतिस्सा ने कहा कि वैश्विक ईंधन कीमतों में हुई वृद्धि ने कई देशों को खुदरा कीमतों में वृद्धि करने को बाध्य किया है। संघर्ष समाप्त होने की आशाओं से पहले प्रति बैरल क्रूड ऑयल की कीमतों में सौ डॉलर से अधिक की वृद्धि हुई है।