जनवरी 31, 2026 10:24 अपराह्न

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गणतंत्र दिवस परेड का भव्य आयोजन भारत की विविधता में एकता का जीवंत प्रमाण है: उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन

उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन ने कहा कि 77वें गणतंत्र दिवस परेड का भव्य आयोजन भारत की विविधता में एकता का जीवंत प्रमाण है। नई दिल्ली में आज भारत पर्व 2026 के समापन समारोह में श्री राधाकृष्णन ने कहा कि यह एक ऐसा अनुभव है जो देश की शाश्वत भावना को जीवंत करता है। इस पर्व के माध्‍यम से प्रत्येक राज्य और क्षेत्र अपनी अनूठी कहानी बयां करते हैं।

उपराष्ट्रपति ने कहा कि गणतंत्र दिवस परेड राष्ट्र की संप्रभुता और सुरक्षा के प्रति अटूट प्रतिबद्धता की पुष्टि है। उन्होंने कहा कि इस वर्ष का विशेष राष्ट्रीय महत्व है क्योंकि राष्ट्र वंदे मातरम की 150वीं वर्षगांठ मना रहा है। श्री राधाकृष्‍णन ने कहा कि भारत पर्व  उत्सव से बढ़कर है, यह भारत की कालातीत भावना को जीवंत करने वाला एक अनुभव भी है। उन्‍होंने कहा कि यह पर्व संवैधानिक मूल्यों के साथ गहराई से मेल खाता है, जो विविधता में एकता को दर्शाता है।

    श्री राधाकृष्णन ने कहा कि भारत पर्व प्रधानमंत्री नरेद्र मोदी के दृष्टिकोण को भी प्रतिबिंबित करता है, जिन्होंने भारत की सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय गौरव, सामाजिक एकता और आर्थिक अवसरों का स्रोत बताया है। उन्होंने कहा कि यह पर्व देश भर की परंपराओं, व्यंजनों और कलात्मक अभिव्यक्तियों को एक साथ लाकर ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ के सार को दर्शाता है।

    उपराष्‍ट्रपति ने कहा कि जैसे-जैसे देश अमृतकाल की ओर बढ़ रहा है, भारत बुनियादी ढांचे के विस्तार, डिजिटल सशक्तिकरण, वित्तीय समावेशन, सामाजिक सुरक्षा, महिला नेतृत्व वाले विकास और युवा-प्रेरित नवाचार में परिवर्तन देख रहा है। ये परिवर्तन अर्थव्यवस्था और समाज की नींव को नया आकार दे रहे हैं।

    श्री राधाकृष्णन ने उल्लेख किया कि भारत ने 2025 में 400 करोड़ से अधिक घरेलू पर्यटकों के आगमन का रिकॉर्ड दर्ज किया। यह आंकड़ा न केवल महामारी के बाद आर्थिक सुधार को दर्शाता है, बल्कि भारतीयों में अपने देश के प्रति नए सिरे से उत्साह को भी दिखाता है। उपराष्ट्रपति ने भारत पर्व में भाग लेने वाले कलाकारों, शिल्पकारों और कलाकारों की भी सराहना करते हुए कहा कि उनका समर्पण भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करता है और इसे आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाता है।