केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने कहा कि भारत ने 1998 के बाद से 2017 में ही एक नई स्वास्थ्य नीति विकसित की है। नई दिल्ली में फिक्की हील 2025 को संबोधित करते हुए, श्री नड्डा ने कहा कि इस स्वास्थ्य नीति का निर्णय केवल निर्माण भवन में ही नहीं किया गया था बल्कि इसमें सभी हितधारकों को शामिल किया गया था। उन्होंने कहा कि यह नीति व्यापक परामर्श के बाद ही लागू की गई थी।
नड्डा ने कहा कि 1 लाख 70 हज़ार आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के निर्माण ने देश में स्वास्थ्य सेवा को सुलभ बनाया है। श्री नड्डा ने बताया कि 60 करोड़ लाभार्थी या राष्ट्रीय जनसंख्या की लगभग 40% आबादी इस स्वास्थ्य सेवा का लाभ उठा रही है। आयुष्मान भारत अब दुनिया का सबसे बड़ा स्वास्थ्य कवरेज बनकर उभरा है।