उत्तर प्रदेश सरकार ने दोहराया है कि वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर चल रहे पुनर्निर्माण और पुनर्विकास कार्य के दौरान किसी भी मूर्ति को कोई क्षति नहीं पहुंची है। शहरी विकास मंत्री ए. के. शर्मा ने बताया कि मणिकर्णिका घाट क्षेत्र में बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए सरकार ने ये कार्य शुरू किये हैं।
जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने भी कहा कि सोशल मीडिया पर भ्रामक और निराधार खबरें फैलाई जा रही हैं। उन्होंने बताया कि संस्कृति विभाग द्वारा ऐसी सभी कलाकृतियों और मूर्तियों को विधिवत संरक्षित कर सुरक्षित स्थान पर रखा गया है और कार्य पूरा होने के बाद उन्हें उनके मूल रूप में फिर से स्थापित कर दिया जाएगा।
काशी विद्वत परिषद के महासचिव प्रोफेसर राम नारायण द्विवेदी ने सरकार के प्रयासों का पूर्ण समर्थन करते हुए कहा कि परिषद इस अभियान में सरकार के साथ है और इस बारे में फैलाई जा रही सभी अफवाहें निराधार हैं।