केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने नई दिल्ली में कर्मचारी भविष्य निधि- ई पी एफ के केंद्रीय न्यासी बोर्ड- सी बी टी की 239वीं बैठक की अध्यक्षता की। डॉ. मांडविया ने बताया कि बैठक में करोड़ों मेहनती श्रमिकों के जीवन स्तर को सुगम बनाने और नियोक्ताओं के लिए व्यापार करने की सुगमता को बढ़ावा देने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
श्रम और रोजगार मंत्रालय ने एक बयान में कहा है कि केंद्रीय न्यासी बोर्ड ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए सदस्यों के कर्मचारी भविष्य निधि खातों में जमा राशि पर 8 दशमलव दो-पांच प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर देने की सिफारिश की है।
ब्याज दर को सरकार द्वारा आधिकारिक रूप से अधिसूचित किया जाएगा। यह निर्णय करोड़ों श्रमिकों की सेवानिवृत्ति सुरक्षा को मजबूत करके उन्हें लाभ पहुंचाएगा, साथ ही कर्मचारी भविष्य निधि के अंशदान की सुरक्षा और अन्य समान निवेश विकल्पों की तुलना में विवेकपूर्ण और आकर्षक प्रतिफल प्रदान करने की प्रतिबद्धता की पुष्टि करेगा।
मंत्रालय ने कहा है कि बोर्ड ने आयकर मान्यता प्राप्त ट्रस्टों से संबंधित अनुपालन समस्याओं के समाधान के लिए एकमुश्त माफी योजना को भी मंजूरी दी है। इसके साथ ही, दक्षता, पारदर्शिता और अनुपालन में आसानी के लिए ईपीएफ छूट पर नई सरलीकृत मानक प्रक्रिया, नए ईपीएफ, ईपीएस और ईडीएलआई तथा सामाजिक सुरक्षा संहिता, 2020 के अनुरूप कई योजनाओं को भी मंजूरी दी गई है।