राज्यसभा में आज आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय के कामकाज पर चर्चा हुई। भाजपा के घनश्याम तिवाडी ने विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने के लिए शहरों को विकसित करने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बजट में किए गए प्रावधानों का उद्देश्य शहरों का विकास करना है। कांग्रेस के अजय माकन ने शहरी विकास के लिए आवंटन को सकल घरेलू उत्पाद के शून्य दशमलव सात प्रतिशत से बढ़ाकर एक दशमलव एक-एक प्रतिशत करने पर जोर दिया।
तृणमूल कांग्रेस के जवाहर सरकार ने कहा कि लोक निर्माण विभाग के कार्यों, विनियमों और शहर की योजनाओं के कार्यान्वयन की कड़ी निगरानी होनी चाहिए।
वाईएसआरसीपी के मेदा रघुनाधा रेड्डी ने कहा कि सरकार ने बजट में शहरी विकास मंत्रालय के लिए 82 हजार पांच सौ 76 करोड़ रुपये आवंटित किये हैं। यह पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 8 प्रतिशत अधिक है।
इसके बाद सदन में विशेष उल्लेख शुरू हुआ जिसमें सदस्यों ने सार्वजनिक महत्व के मुद्दे उठाए। बाद में सदन की कार्यवाही दिन भर के लिए स्थगित कर दी गई।