भारत के नियंत्रक तथा महालेखा परीक्षक संजय मूर्ति ने लेखा परीक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने और समय बचाने के लिए सार्वजनिक वित्तीय प्रबंधन में डिजिटलीकरण को एकीकृत करने की आवश्यकता पर बल दिया।
नई दिल्ली में आज राज्य वित्त सचिवों के दूसरे वार्षिक सम्मेलन में श्री मूर्ति ने डिजिटल प्लेटफॉर्म और दूरस्थ लेखापरीक्षा का लाभ उठाने, राज्य के सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों और स्वायत्त निकायों के लेखांकन को सुदृढ़ करने और शहरी स्थानीय निकायों की वित्तीय निगरानी में सुधार पर चर्चा की।
इस अवसर पर सी ए जी द्वारा वित्तीय वर्ष 2022-23 के लिए राज्य वित्त पर प्रकाशन के साथ-साथ एक इंटरैक्टिव डेटा डैशबोर्ड का भी अनावरण किया गया।
इस अवसर पर व्यय विभाग के सचिव, वुमलुनमंग वुआलनम ने इस वर्ष पहली नवंबर से सभी केंद्र प्रायोजित योजनाओं का कार्यान्वयन एकल नोडल एजेंसी प्रणाली के जरिये किये जाने की घोषणा की।