जनवरी 19, 2026 5:10 अपराह्न

printer

सीरियाई सशस्त्र बलों और कुर्द-नेतृत्व वाली सेनाओं ने तत्काल संघर्ष-विराम समझौते पर सहमति जताई

सीरिया के सशस्त्र बल और कुर्द नेतृत्व वाली सीरिया डेमोक्रेटिक फोर्सेज-एसडीएफ ने तत्काल संघर्ष-विराम समझौते पर सहमति जताई है। इस समझौते के अन्‍तर्गत दमिश्क को पूर्वी प्रांत दीर एज़ोर और रक्का पर पूर्ण सैन्य और प्रशासनिक नियंत्रण सौंप दिया गया है। यह समझौता एसडीएफ लड़ाकों को सीरिया के नए सैन्य और सुरक्षा संस्थानों में शामिल करने का मार्ग प्रशस्त करेगा। यह 2024 के अंत में पूर्व राष्ट्रपति बशर अल असद के बाद सत्ता में हुए सबसे महत्वपूर्ण परिवर्तनों में से एक है। 

इसके अन्‍तर्गत सीरिया की सेना का न केवल प्रांतीय राजधानियों और प्रमुख शहरों पर, बल्कि कुर्द-शासित प्रशासन की आर्थिक रीढ़ माने जाने वाले पूर्वोत्तर में तेल और गैस क्षेत्रों तथा अंतरराष्ट्रीय सीमा चौकियों पर भी अपना अधिकार जमाएगी। सरकारी मीडिया ने बताया कि एसडीएफ कर्मियों की जांच की जाएगी और उन्हें व्यक्तिगत आधार पर रक्षा और आंतरिक मंत्रालयों में शामिल किया जाएगा। वहीं, कुर्दिस्तान वर्कर्स पार्टी से जुड़े गैर-सीरियाई लड़ाकों से समझौते की शर्तों के तहत देश छोड़ने की उम्मीद है।

दमिश्क के अधिकारियों ने कहा कि यह युद्धविराम कई महीनों से चल रही रुक-रुक कर बातचीत के बाद हुआ है। इसका उद्देश्य 2025 के अंत तक कुर्द-नेतृत्व वाली सैन्य और नागरिक संरचनाओं को राज्य के नियंत्रण में लाना था। युद्धविराम की घोषणा रविवार को दमिश्क में अमरीकी दूत टॉम बैरक की राष्ट्रपति अहमद अल शारा से मुलाकात के बाद हुई।