संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने वेनेजुएला में अमरीकी हमले पर चर्चा के लिए सोमवार को आपातकालीन बैठक बुलाई है। यह बैठक परिषद के अस्थायी सदस्य कोलंबिया के अनुरोध पर बुलाई गई है और इसे स्थायी सदस्य देशों चीन और रूस का समर्थन प्राप्त है।
संयुक्त राष्ट्र महासचिव ने वेनेजुएला में अमरीका की सैन्य कार्रवाई को खतरनाक मिसाल करार दिया है। संयुक्त राष्ट्र के प्रवक्ता स्टीफन डुजारिक ने एक बयान में कहा कि महासचिव एंतोनियो गुतेरस इस बात से बेहद चिंतित हैं कि इस अभियान के गंभीर क्षेत्रीय परिणाम हो सकते हैं। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र चार्टर सहित अंतरराष्ट्रीय कानून के पूर्ण सम्मान के महत्व पर जोर दिया और इस बात पर चिंता व्यक्त की कि इन नियमों का पालन नहीं किया गया। महासचिव ने वेनेजुएला में मानवाधिकारों और कानून के शासन का पूर्ण सम्मान करते हुए समावेशी संवाद का आह्वान किया है।
अमरीका के अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी ने कहा है कि वेनेजुएला के राष्ट्रपति और उनकी पत्नी, प्रथम महिला सिलिया फ्लोरेस पर न्यूयॉर्क के सदर्न डिस्ट्रिक्ट में मुकदमा दायर किया गया है। उन पर नशीले पदार्थों से संबंधित आतंकवाद को अंजाम देने के अलावा कोकीन आयात करने और अमरीका के खिलाफ इस्तेमाल के लिए विनाशकारी हथियार रखने की साजिश का आरोप है। अमरीकी मीडिया के अनुसार मुकदमे की पंजीकरण प्रक्रिया शुरू हो गई है। अमरीकी सीमा शुल्क और सीमा सुरक्षा प्रणाली में जानकारी दर्ज करने से पहले बायोमेट्रिक्स, फिंगरप्रिंट और फोटो लिए जाएंगे। न्यूयॉर्क में मादक पदार्थ प्रवर्तन एजेंसी कार्यालय ले जाने से पहले चिकित्सा जांच से भी गुजरना होगा। इसके बाद राष्ट्रपति मादुरो और उनकी पत्नी पर मुकदमा चलाया जाएगा, जो सोमवार से शुरू हो सकता है।
विदेश मंत्रालय ने हालिया घटनाक्रमों को देखते हुए भारतीय नागरिकों से वेनेजुएला की सभी गैर-जरूरी यात्राओं से बचने की सलाह जारी की है। वेनेजुएला में किसी भी कारण से मौजूद सभी भारतीयों को अत्यधिक सावधानी बरतने, अपनी गतिविधियों को सीमित करने और कराकस स्थित भारतीय दूतावास के संपर्क में रहने की सलाह दी गई है। दूतावास का ईमेल cons.caracas@mea.gov.in है और आपातकालीन फोन नंबर +58-412-9584288 है।
अमरीका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रम्प ने बताया है कि वेनेजुएला की राजधानी कराकस में उनके निर्देश पर सैन्य अभियान चलाया गया। फ्लोरिडा में एक संवाददाता सम्मेलन में उन्होंने कहा कि अमरीकी सेना ने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को पकड़ने के लिए कराकस में स्थित एक किलेबंद सैन्य ठिकाने को निशाना बनाया। ट्रम्प ने बताया कि जब तक वेनेजुएला की सत्ता सुरक्षित, उचित और न्यायसंगत हाथों में नहीं आती, तब तक अमरीका वहां का शासन संभालेगा।
राष्ट्रपति ट्रंप ने ऑपरेशन की तुलना ईरान के खिलाफ हुई अमरीकी सैन्य कार्रवाइयों से की, जिनमें परमाणु ठिकानों पर हमले शामिल थे। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति मादुरो और उनकी पत्नी को अब अमरीकी न्याय का सामना करना पड़ेगा। उन पर न्यूयॉर्क में नशीले पदार्थों से संबंधित आतंकवाद के आरोप में मुकदमा चलाया गया है।
राष्ट्रपति ट्रंप ने आरोप लगाया कि वेनेजुएला अमरीका में प्रवेश करने वाले अवैध मादक पदार्थों का एक प्रमुख स्रोत है। उन्होंने राष्ट्रपति मादुरो को एक तानाशाह बताते हुए वेनेजुएला के राजनीतिक और सैन्य नेताओं को चेतावनी दी कि अगर वे विरोध करते हैं तो उन्हें इसके परिणाम भुगतने होंगे।
उन्होंने कहा कि वेनेजुएला अब स्वतंत्र है और इस अभियान के बाद अमरीका सुरक्षित और मजबूत राष्ट्र बन गया है।
अमरीका द्वारा राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को गिरफ्तार किए जाने के बाद, वेनेजुएला की विपक्षी नेता और नोबेल शांति पुरस्कार विजेता मारिया कोरिना मचाडो ने कहा कि वेनेजुएला में आजादी का समय आ गया है। सोशल मीडिया पोस्ट में, मचाडो ने कहा कि निकोलस मादुरो को वेनेजुएला-वासियों और कई अन्य देशों के नागरिकों के खिलाफ किए गए जघन्य अपराधों के लिए अंतरराष्ट्रीय न्याय का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि निकोलस मादुरो ने बातचीत से समाधान में विफल रहने के कारण अमरीकी सरकार ने कानून लागू करके अपना वादा पूरा किया है। कोरिना मचाडो ने कहा कि देश में जन संप्रभुता और राष्ट्रीय संप्रभुता का शासन स्थापित करने का समय आ गया है। उन्होंने कहा कि हम व्यवस्था स्थापित करेंगे, राजनीतिक कैदियों को रिहा करेंगे और अपने बच्चों को घर वापस लाएंगे। मचाडो ने कहा कि वेनेजुएला में लोकतंत्र के लिए वर्षों का संघर्ष आखिरकार एक निर्णायक मोड़ पर पहुंच गया है।
इससे पहले राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा था कि अमरीका की तेल कंपनियां वेनेजुएला में क्षतिग्रस्त तेल बुनियादी ढांचे को ठीक करने के लिए अरबों डॉलर खर्च करेंगी।
फ्लोरिडा में मीडिया को संबोधित करते हुए ट्रंप ने कहा कि अमरीका तेल बेचने का कारोबार करता है और इच्छुक देशों को तेल उपलब्ध कराएगा। उन्होंने कहा कि वेनेजुएला के खराब बुनियादी ढांचे ने उसके अपने तेल उत्पादन को सीमित कर दिया है। ट्रंप ने कहा कि शांति, न्याय और सत्ता के सुचारू हस्तांतरण को सुनिश्चित करने के लिए अमरीका अस्थायी रूप से वेनेजुएला का शासन संभालेगा।
अमरीकी सेना द्वारा वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी की गिरफ्तारी के बाद विश्व नेताओं ने निंदा की है। रूस, चीन, ईरान, ब्राजील और क्यूबा सहित कई देशों ने अमरीका की सैन्य कार्रवाई की निंदा करते हुए इसे वेनेजुएला की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का उल्लंघन बताया है।
रूस के विदेश मंत्रालय ने वेनेजुएला के खिलाफ अमरीका की सैन्य आक्रामकता बताते हुए इसकी निंदा की है और संयम बरतने का आग्रह करते हुए आगे तनाव न बढ़ाने का अनुरोध किया है। एक बयान में रूस ने कहा कि इस कार्रवाई को उचित ठहराने के लिए दिए गए बयान निराधार हैं। रूस ने दोनों देशों के बीच संवाद का आह्वान करते हुए कहा कि वह राजनयिक प्रयासों का समर्थन करने के लिए तैयार है।
चीन ने भी अमरीका के हवाई हमलों की निंदा की है और इन्हें अंतरराष्ट्रीय कानून का गंभीर उल्लंघन बताते हुए इन्हें वर्चस्ववादी कार्रवाई बताया। चीन के विदेश मंत्रालय ने कहा कि वेनेजुएला एक संप्रभु देश है और उसके राष्ट्रपति के खिलाफ सैन्य कार्रवाई से चीन आहत है। उसने अमरीका से अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर के उद्देश्यों और सिद्धांतों का पालन करने का आग्रह किया।
क्यूबा के राष्ट्रपति मिगुएल डियाज़-कैनेल ने भी हमले की निंदा करते हुए अंतरराष्ट्रीय समुदाय से तत्काल प्रतिक्रिया का आह्वान किया है।
ईरान के विदेश मंत्रालय ने इस कार्रवाई को आक्रामकता बताया और संयुक्त राष्ट्र चार्टर तथा संप्रभु देश के खिलाफ बल प्रयोग को प्रतिबंधित करने वाले अंतरराष्ट्रीय कानून का स्पष्ट उल्लंघन बताया।
ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज़ इनासियो लूला दा सिल्वा ने अमरीकी हमलों और राष्ट्रपति मादुरो की गिरफ्तारी की निंदा करते हुए इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया। उन्होंने कहा कि यह हमला इस क्षेत्र की शांति को खतरे में डालता है।
इस बीच यूरोपीय नेताओं ने संयम बरतने का आग्रह किया। यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काजा कल्लास ने कहा कि यूरोपीय संघ स्थिति पर बारीकी से नजर रख रहा है और अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर के सम्मान पर जोर दिया।
यूरोपीय संघ आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने कहा कि किसी भी समाधान में अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर का सम्मान होना चाहिए।
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर ने कहा कि ब्रिटेन इस अभियान में शामिल नहीं था और उन्होंने अमरीका के साथ बातचीत जारी रखते हुए अंतरराष्ट्रीय कानून का पालन करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
स्पेन के प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज़ ने तनाव कम करने का आह्वान किया, जबकि फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने कहा कि फ्रांस वेनेजुएला में लोकतंत्र की ओर संक्रमण का समर्थन करता है।
इस बीच, वेनेजुएला ने ट्रंप के नेतृत्व वाली अमरीकी सरकार की कड़ी आलोचना करते हुए इस अभियान को सैन्य आक्रामकता का गंभीर कृत्य बताया है। देश ने राष्ट्रीय आपातकाल घोषित कर राष्ट्रपति मादुरो की तत्काल रिहाई की मांग की है। उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज़ ने राष्ट्रपति मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस के जीवित होने का प्रमाण और उनके ठिकाने का खुलासा करने की मांग की है।