जनवरी 19, 2026 9:20 अपराह्न

printer

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने UAE के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से नई दिल्‍ली में बातचीत की

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने आज नई दिल्ली में संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान के साथ प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता की। बैठक में भारत और संयुक्त अरब अमीरात के बीच रक्षा, अंतरिक्ष, ऊर्जा, सुपरकंप्यूटिंग और खाद्य सुरक्षा के क्षेत्रों में कई समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए।
 
बैठक के बारे में विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने बताया कि रणनीतिक रक्षा साझेदारी, अंतरिक्ष अवसंरचना विकास और उसके व्यावसायीकरण पर संयुक्त पहल तथा गुजरात के धोलेरा में विशेष निवेश क्षेत्र के विकास में संयुक्त अरब अमीरात की भागीदारी के क्षेत्र में समझौते हुए। श्री मिसरी ने बताया कि दोनों देशों ने एचपीसीएल इंडिया और संयुक्‍त अरब अमीरात के एडनॉक गैस के बीच क्रय-विक्रय के समझौते पर भी हस्ताक्षर किए। उन्होंने कहा कि भारत और संयुक्त अरब अमीरात भारत में एक सुपरकंप्यूटिंग क्लस्टर स्थापित करने पर सहमत हुए हैं। विदेश सचिव ने कहा कि दोनों देश वर्ष 2032 तक आपसी व्यापार दोगुना करके दो सौ अरब डॉलर तक पहुंचाने पर भी सहमत हुए हैं। 
 
विदेश सचिव ने कहा कि गुजरात के धोलेरा में विशेष निवेश क्षेत्र के विकास में संयुक्त अरब अमीरात की भागीदारी का उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, पायलट प्रशिक्षण विद्यालय, स्मार्ट शहरी टाउनशिप, रेलवे कनेक्टिविटी और ऊर्जा अवसंरचना से संबंधित परियोजनाओं की स्थापना करना है। उन्होंने कहा कि दोनों देश द्विपक्षीय नागरिक परमाणु सहयोग को बढ़ावा देंगे। श्री मिसरी ने कहा कि फर्स्ट अबू धाबी बैंक और डीपी वर्ल्ड गुजरात के गिफ्ट सिटी में अपने कार्यालय स्थापित करेंगे। विदेश सचिव ने कहा कि अबू धाबी में हाउस ऑफ इंडिया की स्थापना की जाएगी। यह एक सांस्कृतिक केंद्र होगा, जिसमें भारतीय कला, विरासत और पुरातत्व संग्रहालय आदि शामिल होंगे।
 
प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी और संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान ने सीमा पार आतंकवाद सहित आतंकवाद के सभी रूपों और अभिव्यक्तियों की निंदा की है। दोनों नेताओं ने इस बात पर बल दिया कि कोई भी देश आतंकी कृत्यों को वित्तपोषित करने, योजना बनाने, समर्थन करने या अंजाम देने वालों को पनाह न दे।
 
दोनों नेताओं ने आतंकवाद के वित्तपोषण का मुकाबला करने और धनशोधन विरोधी प्रयासों को मजबूत करने के लिए वित्तीय कार्रवाई बल के ढांचे के भीतर सहयोग जारी रखने पर सहमति व्यक्त की। उन्होंने अपनी टीमों को सूक्ष्म, लघु और मध्यम क्षेत्र के उद्यमों को जोड़ने की दिशा में काम करने का निर्देश भी दिया। उन्होंने मध्य पूर्व, पश्चिम एशिया, अफ्रीका और यूरेशिया क्षेत्र में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए भारत मार्ट, वर्चुअल व्‍यापार गलियारा और भारत-अफ्रीका सेतु जैसी प्रमुख पहलों के शीघ्र कार्यान्वयन का आह्वान किया।
 
दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय ऊर्जा साझेदारी पर संतोष व्यक्त किया और देश की ऊर्जा सुरक्षा में संयुक्त अरब अमीरात के योगदान का उल्‍लेख किया। दोनों नेताओं ने भारत के रूपांतरण के लिए परमाणु ऊर्जा का टिकाऊ उपयोग और विकास-शांति अधिनियम का स्वागत करते हुए कहा कि इससे नागरिक परमाणु सहयोग को बढ़ाने के नए अवसर पैदा होंगे। 
सर्वाधिक पठित
सम्पूर्ण जानकारी arrow-right

कोई पोस्ट नहीं मिला