जनवरी 11, 2026 9:11 अपराह्न

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भारत तेजी से विकसित राष्ट्र बनने की ओर अग्रसर है, इस लक्ष्य की प्राप्ति में सुधारों की अहम भूमिका है: प्रधानमंत्री मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज कहा कि वैश्विक अनिश्चितता के बीच भारत में अभूतपूर्व स्थिरता का वातावरण है। राजकोट में कच्छ और सौराष्ट्र क्षेत्रों के लिए आयोजित दो दिवसीय वाइब्रेंट गुजरात क्षेत्रीय सम्मेलन के उद्घाटन समारोह में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत तेजी से विकसित राष्ट्र बनने की राह पर अग्रसर है और इस लक्ष्य को प्राप्त करने में सुधार महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।

प्रधानमंत्री ने उद्योग जगत से कहा कि भारत और सौराष्ट्र-कच्छ क्षेत्र में निवेश का यह सही समय है। उन्होंने कहा कि बुनियादी ढांचे के साथ-साथ उद्योग के लिए तैयार कार्यबल आज की सबसे बड़ी आवश्यकता है। गुजरात का सौराष्ट्र-कच्छ क्षेत्र विनिर्माण, पर्यावरण अनुकूल विकास और गतिशीलता के एक प्रमुख केंद्र के रूप में उभरा है। उन्होंने बताया कि कच्छ में विश्व का सबसे बड़ा 30 गीगावाट का स्वच्छ ऊर्जा पार्क विकसित किया जा रहा है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि मोरबी-जामनगर-राजकोट औद्योगिक क्षेत्र को बड़े आकार, कौशल और वैश्विक संपर्कों के कारण “मिनी जापान” का उपनाम दिया गया। उन्होंने बंदरगाह आधारित विकास, मत्स्य पालन और अवसंरचना में निवेश के बड़े अवसरों का भी उल्‍लेख किया। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि उद्योग के लिए तैयार कार्यबल और जीएसटी, सूचना प्रौद्योगिकी, बीमा, श्रम और परमाणु ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में अगली पीढ़ी के लिए सुधारों से भारत विश्व की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की राह पर अग्रसर है।

सम्‍मेलन का उद्देश्य सौराष्ट्र और कच्छ क्षेत्रों में औद्योगिक विकास का विकेंद्रीकरण करना है। इसका लक्ष्य सौराष्ट्र और कच्छ के बारह पश्चिमी जिलों में निवेश, नवाचार और विकास को बढ़ावा देना है।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने वर्चुअल माध्यम से सौराष्ट्र के सात जिलों में 13 ग्रीनफील्ड स्मार्ट औद्योगिक एस्‍टेट का शुभारंभ किया और राजकोट में एक विशेष चिकित्सा उपकरण पार्क का उद्घाटन किया।

उद्घाटन समारोह में मुकेश अंबानी, करण अदानी, बीके गोयनका सहित कई प्रमुख उद्योगपतियों ने भाग लिया। अरबपति व्यवसायी और रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के अध्यक्ष तथा प्रबंध निदेशक मुकेश अंबानी ने प्रधानमंत्री मोदी की प्रशंसा करते हुए कहा कि स्वतंत्र भारत के इतिहास में देश में आज जितनी आशा और जीवंतता है, उतनी पहले कभी नहीं रही।

वेल्सपन वर्ल्ड के संस्थापक एवं अध्यक्ष बालकृष्ण गोपीराम गोयनका ने कहा कि कच्छ को दुनिया की सबसे बड़ी होम टेक्सटाइल कंपनी के केंद्र के रूप में जाना जाएगा। उन्होंने गुजरात का चेहरा बदलने के लिए प्रधानमंत्री के प्रयासों, दूरदृष्टि और नेतृत्व की सराहना की।

हमारे संवाददाता ने बताया कि यह सम्मेलन कच्छ और सौराष्ट्र क्षेत्रों के लिए एक मंच का काम करता है, जिसका लक्ष्य मोरबी में सिरेमिक, राजकोट में इंजीनियरिंग और तटीय क्षेत्र के साथ फैले व्यापक बंदरगाह और लॉजिस्टिक्स नेटवर्क जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित करना है। दो दिवसीय आयोजन के दौरान 15 सौ से अधिक समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर होने की संभावना है।

इससे पहले, गुजरात दौरे के दूसरे दिन प्रधानमंत्री मोदी ने आज दोपहर राजकोट में वाइब्रेंट गुजरात ट्रेड एग्जिबिशन का उद्घाटन किया। 18 हजार वर्ग मीटर के विशाल क्षेत्र में फैली यह भव्य प्रदर्शनी विकास और नवाचार का एक जीवंत प्रदर्शन है। कृषि, खाद्य प्रसंस्करण, मत्स्य पालन और रक्षा, साथ ही ऊर्जा, पेट्रोकेमिकल्स और लॉजिस्टिक्स सहित विभिन्न क्षेत्रों में अपनी अत्याधुनिक क्षमताओं को प्रदर्शित करने के लिए चार सौ से अधिक प्रदर्शक इसमें भाग ले रहे हैं।

आज सुबह, प्रधानमंत्री मोदी ने गिर सोमनाथ जिले के तटीय शहर प्रभास पाटन में ऐतिहासिक सोमनाथ स्वाभिमान पर्व में भाग लिया। इस अवसर पर प्रधानमंत्री मोदी ने भव्य ‘शौर्य यात्रा’ का नेतृत्व किया। यह आयोजन 1026 ईस्वी में महमूद गजनी द्वारा सोमनाथ मंदिर पर किए गए पहले हमले के एक हजार वर्ष पूरे होने पर आयोजित किया गया था। सदियों से सोमनाथ मंदिर की रक्षा करने वाले अनगिनत योद्धाओं को श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए 108 घोड़ों की औपचारिक शोभायात्रा का आयोजन किया गया।

प्रधानमंत्री मोदी ने इस अवसर पर जनसभा को संबोधित करते हुए नागरिकों से एकजुट रहने और देश को विभाजित करने की साजिश रचने वाली सभी शक्तियों को पराजित करने का आह्वान किया। उन्होंने देशवासियों से राष्‍ट्र के अतीत से जुड़े रहते हुए विकसित भारत बनाने के लिए कंधे से कंधा मिलाकर आगे बढ़ने का आग्रह किया।

स्वाभिमान पर्व को शाश्वत आस्था और भक्ति का जीवंत प्रतिबिंब बताते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि यह पर्व केवल ऐतिहासिक गौरव का उत्सव नहीं है, बल्कि सोमनाथ मंदिर की शाश्वत यात्रा को आने वाली पीढ़ियों के लिए जीवित रखने का एक महत्वपूर्ण अवसर है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारतीय सभ्यता दूसरों को पराजित करना नहीं सिखाती, बल्कि संतुलित जीवन जीना सिखाती है। गजनी से लेकर औरंगजेब तक के लगातार आक्रमणों के बाद मंदिर के ऐतिहासिक पुनर्निर्माण की यात्रा को याद करते हुए श्री मोदी ने बताया कि कैसे सोमनाथ मंदिर का बार-बार पुनर्निर्माण हुआ।

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने आज शाम गुजरात में अहमदाबाद मेट्रो रेल परियोजना के दूसरे चरण के अंतिम खंड का उद्घाटन किया। यह खंड सेक्टर 10-ए को महात्मा मंदिर से जोडेगा। लगभग आठ किलोमीटर लंबे इस खंड में सात स्‍टेशन होंगे। यह महात्मा मंदिर को मोटेरा स्टेडियम से जोड़ेगा और अक्षरधाम, एलडीआरपी कॉलेज, गिफ्ट सिटी तथा गांधीनगर जैसे प्रमुख स्थलों के साथ बेहतर संपर्क स्थापित करेगा। इस विस्तार का लाभ दैनिक यात्रियों, छात्रों, पर्यटकों को मिलने के साथ ही अहमदाबाद और गांधीनगर के बीच शहरी संपर्क भी मजबूत होगा।

गुजरात दौरे के तीसरे दिन कल प्रधानमंत्री मोदी अहमदाबाद में जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्त्‍ज़ के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। दोनों नेता साबरमती आश्रम जाएंगे और अंतर्राष्ट्रीय पतंग महोत्सव में शामिल होंगे।

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