जनवरी 6, 2026 8:08 पूर्वाह्न

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तेलंगाना विधानसभा ने हंगामे के बीच तेलंगाना जीएसटी-संशोधन विधेयक 2026 को स्‍वीकृति दी

तेलंगाना विधानसभा ने कल शाम हंगामे के बीच तेलंगाना जीएसटी-संशोधन विधेयक 2026 को स्‍वीकृति दे दी। मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एमआईएम) विधायकों ने विधेयक के विरोध में सदन से वॉकआउट किया, जबकि भाजपा सदस्यों ने केंद्र सरकार पर एमआईएम के आरोपों का जवाब देने का अवसर मांगते हुए सदन के बीच जाने का प्रयास किया। मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी की ओर से विधेयक पेश करते हुए आबकारी और निषेध मंत्री जे. कृष्णा राव ने कहा कि राज्य को पेट्रोल में इथेनॉल मिलाने से राजस्व का नुकसान होने के बावजूद यह संशोधन केंद्र की गलती को सही करने का तरीका है।

 

जबकि एमआईएम के नेता अकबरुद्दीन ओवैसी ने आरोप लगाया कि केंद्र ‘एक राष्ट्र, एक कर’ के बहाने तेलंगाना को कर्ज के जाल में धकेल रहा है और छोटे राज्य इससे पीड़ित हो रहे हैं। एमआईएम ने विधेयक का विरोध किया। भाजपा विधायक पायल शंकर और अन्य विधायकों ने कहा कि जीएसटी सुधारों ने करों को युक्तिसंगत बनाया है और मध्यम वर्ग के लिए चार पहिया वाहनों को अधिक किफायती बनाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि एमआईएम सदन को गुमराह कर रही है, जिससे तीखी बहस छिड़ गई। अध्‍यक्ष के पैनल के सदस्य आर. प्रकाश रेड्डी द्वारा विरोध कर रहे भाजपा विधायकों को माइक्रोफोन देने से इनकार करने पर हंगामा हुआ और उन्होंने सदन के बीचोंबीच जाने की कोशिश की। हंगामे के बीच सदन में विधेयक पारित कर दिया गया।

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