जनवरी 12, 2026 12:36 अपराह्न

printer

प्रधानमंत्री मोदी और जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज के बीच गांधीनगर स्थित महात्मा मंदिर में हुई बैठक

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी और जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज के बीच आज गुजरात के गांधीनगर स्थित महात्मा मंदिर में बैठक हुई। जर्मनी के चांसलर की यह पहली भारत यात्रा है। ये भारत-जर्मनी के संबंधों में एक महत्वपूर्ण अध्याय का प्रतीक है। दोनों नेता भारत-जर्मनी रणनीतिक साझेदारी में हुई प्रगति की समीक्षा भी कर रहे हैं, जिसने हाल ही में 25 वर्ष पूरे किए हैं।

 

द्विपक्षीय चर्चा व्यापार, निवेश और उच्च स्तरीय प्रौद्योगिकी पर केंद्रित रही। बैठक में रक्षा, हरित सतत विकास और विज्ञान तथा अनुसंधान के क्षेत्र में महत्वपूर्ण साझेदारियों को बढ़ाने पर भी जोर दिया गया।

   

इससे पहले, दोनों नेताओं ने साबरमती आश्रम में राष्‍ट्रपिता महात्‍मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की। दोनों नेताओं ने महात्मा गांधी के पूर्व निवास ‘हृदय कुंज’ का दौरा किया, जहाँ उन्होंने चरखा चलाने की पारंपरिक प्रक्रिया देखी। दोनों नेताओं ने महात्मा गांधी के सादगी, आत्मनिर्भरता और सत्य तथा अहिंसा के प्रति अटूट प्रतिबद्धता के मूल्यों के प्रति गहरा सम्मान व्यक्त किया।

 

इस अनुभव से अत्यंत प्रभावित होकर, जर्मनी के चांसलर ने आगंतुक पुस्तिका में लिखा कि महात्मा गांधी का स्वतंत्रता की शक्ति में दृढ़ विश्वास आज भी सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि यह साझा मानवीय विरासत भारत और जर्मनी के लोगों के बीच मित्रता का सेतु है और गांधीजी की शिक्षाएँ आज भी अत्यंत प्रासंगिक हैं।

   

दोनों नेताओं ने अहमदाबाद के साबरमती नदी तट पर आयोजित अंतर्राष्ट्रीय पतंग महोत्सव में भी भाग लिया। तीन दिवसीय इस महोत्सव में पचास देशों के 135 पतंग उड़ाने वाले और देशभर के 900 से अधिक प्रतिभागी शामिल हुए। इस उत्सव के विशेष आकर्षणों में 13 जनवरी की रात पतंगबाजी, ऐतिहासिक हवेलियाँ और एक समर्पित पतंग संग्रहालय शामिल हैं। इस वर्ष विशेष रूप से ‘ऑपरेशन सिंदूर’ विषय पर आधारित पतंगों ने लोगों में काफी उत्सुकता बढ़ाई है।